Share Market Rally: अमेरिकी मिडटर्म इलेक्शन में ट्रंप के पिछड़ने का असर मार्केट पर दिख रहा है और सेंसेक्स-निफ्टी उछल पड़े। इंट्रा-डे में सेंसेक्स 478 प्वाइंट्स उछल पड़ा तो निफ्टी भी 23900 के पार पहुंच गया। ब्रोडर लेवल पर भी मार्केट में रौनक है औ निफ्टी मिडकैप 100 और निफ्टी स्मॉलकैप 100 में आधे-आधे फीसदी से अधिक की बढ़त है। हालांकि मार्केट में डर भी बढ़ा है और इसे मापने वाला इंडिकेटर India VIX फिलहाल 1.97% उछलकर 16.03 के पार पहुंच गया, जिसके चलते मुनाफावसूली का भी दबाव है।
अब घरेलू इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज की बात करें तो फिलहाल 10:45 AM पर सेंसेक्स (Sensex) 109.78 प्वाइंट्स यानी 0.14% की हल्की बढ़त के साथ 77,027.63 और निफ्टी 50 (Nifty 50) 28.85 प्वाइंट्स यानी 0.12% की हल्की मजबूती के साथ 23,839.70 पर है। इंट्रा-डे में सेंसेक्स 478.19 प्वाइंट्स उछलकर 77,396.04 तो निफ्टी भी 135.50 प्वाइंट्स चढ़कर 23,946.35 तक पहुंच गया। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स टूटकर 76,604.85 और निफ्टी 77,396.04 तक आ गया था।
Share Market Rally: ये है वजह
मार्केट की नजर अमेरिका में मिडटर्म इलेक्शन के नतीजे पर है। अभी तक की गणना के हिसाब से अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के चहेते और रिपब्लिकन पार्टी के कैंडिडेट विवेक रामास्वामी की करारी हार हुई है। ट्रंप की रिपब्लिकन पार्टी के इस चुनाव में पिछड़ने का ईरान के साथ चल रहा तनाव हल्का पड़ सकता है। एनालिस्ट्स के मुताबिक अमेरिका में डेमोक्रेट की जीत से ट्रंप को ईरान के साथ युद्ध आगे बढ़ाने में दिक्कत हो सकती है।
ट्रंप का कहना है कि ईरान पर हमले की उनकी कोई योजना नहीं है और इजरायल को सालाना $400 करोड़ की दी जाने वाली सालाना मदद रोकेगा। इससे कच्चे तेल के भाव नरम पड़े और ग्लोबल ऑयल बेंचमार्क प्रति बैरल टूटकर $103 के करीब आ गया।
विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) की खरीदारी से मार्केट को सपोर्ट मिला। विदेशी निवेशकों ने लगातार तीन कारोबारी दिनों में ₹13,550.03 करोड़ के शेयरों की नेट खरीदारी की, जिसमें से सबसे अधिक यानी ₹6,836.81 करोड़ के शेयरों की नेट खरीदारी 3 नवंबर को की। इससे मार्केट को सपोर्ट मिला है। विदेशी निवेशकों की खरीदारी को सेबी के प्रस्ताव से सपोर्ट मिला है। न्यूज एजेंसी रायटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक सेबी ने सरकार से FIIs को एलटीसीजी पर टैक्स से छूट का प्रस्ताव दिया है।
FMCG सेक्टर से दमदार सपोर्ट
फेस्टिव सीजन से पहले एफएमसीजी सेक्टर में शानदार रौनक है और इसका निफ्टी इंडेक्स 1% से अधिक मजबूत हुआ।
एनालिस्ट्स के मुताबिक जब तक निफ्टी 23,700 के ऊपर है, इसमें रैली की पूरी गुंजाइश है।
बजाज ब्रोकिंग के डिप्टी वाइस प्रेसिडेंट (रिसर्च) पबित्रो मुखर्जी का कहना है कि मंगलवार को अमेरिका के मिडटर्म इलेक्शन के चलते वोलैटिलिटी अधिक रह सकती है। निफ्टी अगर मंगलवार को गैप एरिया 23,440-23,482 के ऊपर बना रहता है तो बाजार मजबूत बना रहेगा और यह 200-दिनों के EMA और फरवरी और अगस्त 2026 के हाई लेवल को जोड़ने वाली ट्रेंडलाइन के मिलने वाले प्वाइंट 23,950-24,050 की तरफ बढ़ सकता है।
पबित्रो का कहना है कि निफ्टी के 24,050 के पार जाने पर ही इसके 24,400 की तरफ जाने का रास्ता खुल सकता है। हालांकि अगर यह 24,000 के ऊपर नहीं चढ़ पाता है तो पिछले 7 सेशंस में 1400 प्वाइंट्स के तेज उछाल के बाद 23,200-24,000 की रेंज में कंसालिडेशन हो सकता है। पबित्रो ने निफ्टी का शॉर्ट-टर्म सपोर्ट बढ़ाकर 23,000-23,200 कर दिया गया है और अगर निफ्टी इसके ऊपर रहता है तो इसका रुख पॉजिटिव रहेगा। पबित्रो के मुताबिक हाल ही में आई जोरदार तेजी के बाद गिरावट आने पर इसे खरीदारी के मौके के रूप में इस्तेमाल कर सकते हैं।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।