23 नवंबर को लगातार दूसरे दिन स्टर्लिंग एंड विल्सन रिन्यूएबल एनर्जी (Sterling and Wilson Renewable Energy) के शेयर में तेजी देखी गई और शेयर के खुलते ही अपर सर्किट लग गया। दरअसल कंपनी के जॉइंट वेंचर ने नाइजीरिया की सरकार से 2.2 अरब डॉलर का एक ऑर्डर हासिल किया है। इसके बाद शेयर में तेजी आ रही है। पिछले दो कारोबारी सेशन में स्टर्लिंग एंड विल्सन रिन्यूएबल एनर्जी का स्टॉक 10 प्रतिशत से ज्यादा चढ़ चुका है। 23 नवंबर को शेयर सुबह 5 प्रतिशत की बढ़त के साथ बीएसई पर 330.50 रुपये पर खुला और अपर सर्किट लग गया। 22 नवंबर को शेयर 314.80 रुपये पर बंद हुआ था।
एनएसई पर स्टर्लिंग एंड विल्सन रिन्यूएबल एनर्जी का शेयर 330.50 रुपये पर खुला और अपर सर्किट लग गया। बीएसई और एनएसई दोनों पर शेयर का लोअर प्राइस बैंड 299.10 रुपये है। शेयर का बीएसई पर 52 सप्ताह का उच्च स्तर 408.75 और निचला स्तर 253.45 रुपये है। वहीं एनएसई पर ये स्तर क्रमश: 408.50 और 253 रुपये हैं। स्टर्लिंग एंड विल्सन रिन्यूएबल एनर्जी के शेयर में पिछले 1 माह में 18 प्रतिशत से ज्यादा की तेजी देखी गई है। वहीं 3 माह में शेयर ने 21 प्रतिशत से ज्यादा कर निगेटिव रिटर्न दिया है।
CNBC-TV18 की एक रिपोर्ट के मुताबिक, स्टर्लिंग एंड विल्सन रिन्यूएबल एनर्जी का जॉइंट वेंचर सन अफ्रीका एलएलसी, नाइजीरिया के लिए 961 मेगावाट सोलर पीवी जनरेशन इंफ्रास्ट्राक्चर और 455 मेगावाट बैटरी एनर्जी विकसित करेगा। स्टर्लिंग एंड विल्सन को 2.2 अरब डॉलर के ऑर्डर से 1.5-2 अरब डॉलर मिलेंगे।
नाइजीरिया के बिजली मंत्री अदेबायो अडेलबू ने कहा है कि ING Bank, सिटी और यूएस-एक्जिम बैंक इस प्रोजेक्ट को सपोर्ट करेंगे और अगले कुछ वर्षों में 10 अरब डॉलर से अधिक लगाएंगे। हालांकि अभी तक सौदा, आधिकारिक तौर पर साइन नहीं हुआ है। डील साइन होने के 6 माह बाद इस प्रोजेक्ट पर काम शुरू हो सकता है।