Short Call: भारतीय शेयर बाजार इस समय जोश से भरे हुए हैं, लेकिन क्या यह जोश एक खतरनाक दिशा में जा रहा है? ब्रोकरेज फर्म कोटक इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज ने हाल ही में एक रिपोर्ट में कहा कि कुछ सेक्टर्स भारतीय इकोनॉमी की लंबी-अवधि की मजबूत ग्रोथ संभावनाओं को दिखाते हैं। वहीं कुछ सेक्टर में बिना मजबूत फंडामेंटल के भारी तेजी देखी जा रही है। Nifty का पिछले 12-महीने का P/E रेशियो फिलहाल 24x है, जो इसके लंबी अवधि के औसत 22.5x से अधिक है। Nifty 50 के आधे से अधिक स्टॉक्स इस समय 30x के P/E से ऊपर कारोबार कर रहे हैं। बफे इंडिकेटर (Buffett Indicator) जो मार्केट कैपिटलाइजेशन को GDP से मापता है, अब 143% पर है, जो बाजार में बुलबुला बनने की ओर इशारा करता है। इसके बावजूद, घरेलू संस्थागत निवेशक (DIIs) लगातार बाजार को ऊपर धकेल रहे हैं।
