इजराइल पर ईरान के हमले के बाद मध्यपूर्व में तनाव बढ़ा है। इससे आने वाले दिनों में क्रूड ऑयल की कीमतें हाई बने रहने की उम्मीद है। कुछ एनालिस्ट्स का कहना है कि मई में क्रूड ऑयल (Crude Oil) 100 डॉलर प्रति बैरल तक जा सकता है। इसका खराब असर इंडिया के करेंट अकाउंट डेफिसिट पर पड़ेगा। यह कंपनियों की अर्निंग्स के लिए भी खराब रहेगा। इनफ्लेशन की वजह से इनपुट कॉस्ट्स बढ़ जाती है जिसका असर डिमांड पर पड़ता है। इससे स्टॉक मार्केट में तेजी पर ब्रेक लग सकता है। हालांकि, ज्यादातर बुल्स का मानना है कि घरेलू संस्थागत निवेश स्ट्रॉन्ग बना हुआ है और लोकसभा चुनावों में BJP की जबर्दस्त जीत से सारी मुश्किलें खत्म हो जाएगी। हालांकि, कुछ ऐसी वजहें हैं, जो बाजार को ज्यादा बढ़ने से रोक सकती हैं।
