Market cues : बाजार में कमजोरी का रुझान कायम, 22300 का अहम सपोर्ट टूटने पर 21700 तक फिसल सकता है निफ्टी
Trade setup for today :आज मंथली डेरिवेटिव कॉन्ट्रैक्ट्स की एक्सपायरी वाले सेशन में,पिछले दिन के 22,600 और 22,450 के निचले स्तरों के खतरे में होने की उम्मीद है। इन स्तरों से नीचे,अहम सपोर्ट 22,300 पर है। अगर इंडेक्स इस स्तर को निर्णायक रूप से तोड़ देता है तो 21,700 की ओर गिरावट से इनकार नहीं किया जा सकता
Trade Setup : बैंक निफ्टी ने डेली टाइमफ्रेम पर एक लंबी लाल बार बनाई और सभी मूविंग एवरेज नीचे की ओर झुके रहे। 50-दिन का EMA, 200-दिन के EMA के और करीब आ गया,जो मज़बूत बेयरिश सेंटिमेंट का संकेत है
Trade setup for today : Nifty की दो दिन की राहत रैली 27 मार्च को थम गई और यह 2 फीसदी से ज़्यादा के नुकसान के साथ नीचे गिर गया। मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच दुनिया भर के बाज़ारों पर दबाव रहा, इसका असर भारतीय बाजारों पर भी दिखा। इस दबाव ने रुपये को अब तक के सबसे निचले स्तर पर पहुंचा दिया। इससे FIIs की बिकवाली बढ़ गई। इससे बाज़ार का मूड और खराब हो गया। मंदड़ियों ने टेक्निकल सेटअप पर अपनी पकड़ बनाए रखी है। मोमेंटम इंडिकेटर्स से भी बिकवाली के संकेत मिल रहे।
ऐसे में आज मंथली डेरिवेटिव्स कॉन्ट्रैक्ट्स की एक्सपायरी के सेशन में,पिछले दिन के निचले स्तर 22,600 और 22,450 के आसपास के स्तरों के खतरे में होने की उम्मीद है। इन स्तरों से नीचे,अहम सपोर्ट 22,300 पर है (जून 2024 और अप्रैल 2025 के आस-पास के निचले स्तर)। अगर इंडेक्स इस स्तर को निर्णायक रूप से तोड़ देता है तो 21,700 की ओर गिरावट से इनकार नहीं किया जा सकता। हालांकि, एक्सपर्ट्स का यह भी कहना है कि अगर कोई उछाल आता है तो 23,000–23,200 के स्तरों पर नज़र रखनी चाहिए जो रेजिस्टेंस का काम कर सकता है।
यहां आपको कुछ ऐसे आंकड़े दे रहे हैं जिनके आधार पर आपको मुनाफे वाले सौदे पकड़ने में आसानी होगी।
Nifty के लिए की सपोर्ट और रजिस्टेंस लेवल
पिवट प्वांइट पर आधारित सपोर्ट : 22,791, 22,701 और 22,555
पिवट प्वांइट पर आधारित रजिस्टेंस : 23,082, 23,173 और 23,318
Nifty 50 ने डेली चार्ट्स पर एक लॉन्ग बेयरिश कैंडल बनाई,जिसमें मूविंग एवरेज का झुकाव नीचे की ओर बना रहा और 100-दिन का EMA,अप्रैल 2025 के बाद पहली बार 200-दिन के EMA से नीचे गिर गया। ये बाजार पर मजबूत बेयरिश कंट्रोल का संकेत है। इंडेक्स 78.6 प्रतिशत फिबोनाची रिट्रेसमेंट लेवल (अप्रैल 2025 से जनवरी 2026 के हाई तक की रैली का) के करीब पहुंच गया। MACD सिग्नल और ज़ीरो लाइन्स के नीचे बना रहा,हालांकि हिस्टोग्राम में कमजोरी और कम हुई। जबकि RSI 40 के ऊपर टिक नहीं पाया और नीचे की ओर मुड़कर 35.76 पर बंद हुआ। हालांकि, यह सिग्नल लाइन के ऊपर बना रहा। यह सब लगातार बने बेयरिश मोमेंटम का संकेत है।
बैंक निफ्टी
पिवट प्वाइंट्स पर आधारित रेजिस्टेंस: 53,006, 53,261 और 53,674
पिवट प्वाइंट्स पर आधारित सपोर्ट: 52,180, 51,925 और 51,511
फिबोनाची रिट्रेसमेंट पर आधारित रेजिस्टेंस: 53,788, 55,312
फिबोनाची रिट्रेसमेंट पर आधारित सपोर्ट: 50,705, 47,696
बैंक निफ्टी ने भी डेली टाइमफ्रेम पर एक लंबी लाल बार बनाई और सभी मूविंग एवरेज नीचे की ओर झुके रहे। 50-दिन का EMA, 200-दिन के EMA के और करीब आ गया,जो मज़बूत बेयरिश सेंटिमेंट का संकेत है। RSI 40 ज़ोन से नीचे रहा और गिरकर 33.43 पर आ गया,हालांकि यह रेफरेंस लाइन से ऊपर बना रहा। MACD सिग्नल और ज़ीरो लाइन से नीचे बना रहा,हालांकि हिस्टोग्राम ने लगातार तीसरे सेशन में बेयरिश मोमेंटम के कमज़ोर पड़ने का संकेत दिया। यह सब एक मौजूदा बेयरिश ट्रेंड की ओर इशारा कररहा है।
मार्केट में होने वाले उतार-चढ़ाव को मापने वाला India VIX 8.78 प्रतिशत बढ़कर 26.8 पर पहुंच गया। ये मार्च 2022 के बाद से इसका सबसे ऊंचा क्लोजिंग लेवल है। यह तेजड़ियों के लिए बड़ी परेशानी का संकेत है।
पुट कॉल रेशियो
बाजार के मूड को दर्शाने वाला निफ्टी पुट-कॉल रेशियो 27 मार्च को गिरकर 0.94 पर आ गया,जबकि पिछले सत्र में यह 1.21 था। गौरतलब है कि 0.7 से ऊपर या 1 को पार पीसीआर का जाना आम तौर पर तेजी की भावना का संकेत माना जाता है। जबकि 0.7 से नीचे या 0.5 की ओर गिरने वाला अनुपात मंदी की भावना का संकेत होता है।
F&O बैन के अंतर्गत आने वाले स्टॉक
F&O सेगमेंट के अंतर्गत प्रतिबंधित प्रतिभूतियों में वे कंपनियां शामिल होती हैं, जिनके डेरिवेटिव अनुबंध मार्केट वाइड पोजीशन लिमिट के 95 फीसदी से ज्यादा हो जाती हैं।
एफएंडओ प्रतिबंध में नए शामिल स्टॉक: कोई नहीं
एफएंडओ प्रतिबंध में पहले से शामिल स्टॉक: SAIL
एफएंडओ प्रतिबंध से हटाए गए स्टॉक: कोई नहीं
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