अमेरिका के 500 फीसदी टैरिफ के डर से इन एक्सपोर्ट कंपनियों के शेयर क्रैश

गोकलदास एक्सपोर्ट्स के शेयरों में बड़ी गिरावट देखने को मिली। कारोबार के दौरान एक समय यह शेयर 13 फीसदी तक गिर गया था। हालांकि, बाद में यह कुछ हद तक संभलने में सफल रहा। आखिर में यह 8 फीसदी से गिरकर 629.95 रुपये पर बंद हुआ। केपीआर मिल, पर्ल ग्लोबल इंडस्ट्रीज, एपेक्स फ्रोजन फूड्स और अवंती फीड्स के शेयरों में भी बिकवाली देखने को मिली

अपडेटेड Jan 08, 2026 पर 9:16 PM
  • Follow Us On Google
  • Add as a Preferred Source on Google
अवंती फीड्स का शेयर 8.87 फीसदी क्रैश कर 808 रुपये पर बंद हुआ।

एक्सपोर्ट करने वाली कंपनियों के लिए 8 जनवरी का दिन काफी खराब रहा। इन कंपनियों के शेयरों में बड़ी गिरावट देखने को मिली। इसकी वजह अमेरिका राष्ट्रपति डोनाल्ट ट्रप का उस बिल को एप्रूवल है, जिसमें रूस से तेल खरीदने वाले देशों पर 500 फीसदी टैरिफ लगाने का प्रावधान है। ऐसे देशों में भारत भी शामिल है।

पहले से अमेरिका ने लगा रखा है 50 फीसदी टैरिफ

इस बिल का असर 8 जनवरी को भारत की उन कंपनियों के शेयरों पर पड़ा जो अमेरिका को निर्यात करती हैं। 2025 के जनवरी में ट्रंप ने दूसरी बार अमेरिका के राष्ट्रपति पद की शपथ ली थी। उसके बाद उन्होंने टैरिफ लगाने की धमकी देनी शुरू कर दी। आखिर में उन्होंने भारत पर 50 फीसदी टैरिफ लगा दिया। यह किसी देश पर अमेरिका का सबसे ज्यादा टैरिफ है। इसका असर अमेरिका को निर्यात करने वाली भारतीय कंपनियों पर देखने को मिला है।


गोकलदास एक्सपोर्ट्स एक समय 13 फीसदी तक गिरा था

गोकलदास एक्सपोर्ट्स के शेयरों में बड़ी गिरावट देखने को मिली। कारोबार के दौरान एक समय यह शेयर 13 फीसदी तक गिर गया था। हालांकि, बाद में यह कुछ हद तक संभलने में सफल रहा। आखिर में यह 8 फीसदी से गिरकर 629.95 रुपये पर बंद हुआ। गोकलदास एक्सपोर्ट्स के रेवेन्यू में अमेरिका की हिस्सेदारी 60 फीसदी से ज्यादा है। ट्रंप की टैरिफ पॉलिसी की वजह से 2025 में यह शेयर 34 फीसदी से ज्यादा गिरा है।

इन एक्सपोर्ट कंपनियों के शेयरों में भी बड़ी गिरावट

केपीआर मिल, पर्ल ग्लोबल इंडस्ट्रीज, एपेक्स फ्रोजन फूड्स और अवंती फीड्स के शेयरों में भी बिकवाली देखने को मिली। केपीआर मिल का शेयर 4.13 फीसदी गिरकर 849.10 रुपये पर बंद हुआ। बीते एक साल में यह शेयर 14 फीसदी से ज्यादा गिरा है। पर्ल ग्लोबल का शेयर 8.39 फीसदी गिरकर 1,485 रुपये पर बंद हुआ। एपेक्स फ्रोजन फूड्स का शेयर 7.95 फीसदी गिरकर 276.25 रुपये पर बंद हुआ। अवंती फीड्स का शेयर 8.87 फीसदी क्रैश कर 808 रुपये पर बंद हुआ।

रूस से तेल खरीदने वाले देशों पर अमेरिका की टेढ़ी नजर

रिपब्लिकन सीनेटर लिंडसे ग्राहम ने कहा कि अगर ज्यादा टैरिफ के प्रस्ताव वाला अमेरिका का बिल पारित होता है तो इससे उन देशों के खिलाफ अमेरिका को बड़ा हथियार मिल जाएगा, जो रूस से तेल खरीदते हैं। इन देशों में भारत और चीन शामिल है। ट्रंप का मानना है कि भारत और चीन के रूस से तेल खरीदने से उसके पास पैसा आता है। रूस इस पैसे का इस्तेमाल यूक्रेन में युद्ध जारी रखने के लिए करता है।

यह भी पढ़ें: Nifty अक्तूबर 2025 के बाद पहली बार 50-DMA पर पहुंचा, क्या इनवेस्टर्स को अब सावधान रहना चाहिए?

ट्रंप की लाख कोशिशों के बावजूद जारी है रूस-यूक्रेन लड़ाई

एक्सपर्ट्स का कहना है कि ट्रंप की लाख कोशिशों के बावजूद रूस और यूक्रेन के बीच लड़ाई बंद नहीं हुई है। ट्रंप ने पिछले साल अमेरिकी राष्ट्रपति पद के अपने चुनाव प्रचार के दौरान कहा था कि अगर वह अमेरिका का राष्ट्रपति बनते हैं तो रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध बंद करा देंगे। लेकिन, उनके राष्ट्रपति बने एक साल होने जा रहा है, लेकिन यह युद्ध अब भी जारी है। इस युद्ध में अब तक 6 लाख से ज्यादा लोग मारे जा चुके हैं। इनमें रूस और यूक्रेन दोनों के नागरिक शामिल हैं।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।