Vishal Mega Mart Share Price: एचडीएफसी सिक्योरिटीज ने विशाल मेगा मार्ट के शेयरों को खरीदने की सलाह दी है। ब्रोकरेज फर्म का कहना है कि विशाल मेगा मार्ट का शेयर 14 फीसदी चढ़ सकता है। उसने शेयर के लिए 130 रुपये का टारगेट प्राइस दिया है। 13 अप्रैल को इस शेयर में काफी उतार-चढ़ाव दिखा। शेयर कमजोरी के साथ खुला। लेकिन, अच्छी रिकवरी के बाद मामूली तेजी के साथ 114.54 रुपये पर बंद हुआ।
विशाल मेगामार्ट को ग्रॉसरी बिजनेस का सपोर्ट
एचडीएफसी सिक्योरिटीज ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि इंडियन वैल्यू रिटेल सेगमेंट में एक खास ट्रेंड जारी है। अपैरल सेगमेंट को ग्राहकों का कभी कम तो कभी ज्यादा रिस्पॉन्स मिल रहा है। ग्रॉसरी रिटेलर्स को स्ट्रक्चरल मार्जिन प्रेशर का सामना करना पड़ रहा है। ब्रोकरेज फर्म ने कहा है कि विशाल मेगामार्ट में दोनों सेगमेंट शामिल हैं, जिससे इसके लिए चुनौती कुछ कम हो जाती है।
ज्यादा मार्जिन वाली कैटेगरीज में क्रॉस-सेलिंग का फायदा
विशाल मेगामार्ट का पोर्टफोलियो डायवर्सिफायड है। FY25 में इसकी सेल्स में अपैरल की हिस्सेदारी करीब 44 फीसदी, एफएमसीजी की 28 फीसदी और जनरल मर्चेंडाइज की 28 फीसदी रही। हाई-फ्रीक्वेंसी एफएमसीजी सेल्स से इसे मदद मिलती है। साथ ही कंपनी को ज्यादा मार्जिन वाली कैटेगरीज में भी क्रॉस-सेलिंग का फायदा मिलता है।
रेवेन्यू में प्राइवेट लेवल की 75 फीसदी हिस्सेदारी
ब्रोकरेज फर्म ने कहा है कि कंपनी की वैल्यू प्राइसिंग स्ट्रेटेजी को प्राइवेट लेबल ईकोसिस्टम का सपोर्ट मिलता है। FY26 के पहले 9 महीनों में कंपनी के रेवेन्यू में प्राइवेट लेवल की हिस्सेदारी करीब 75 फीसदी रही। कंपनी ने टियर II और छोटे शहरों में वैल्यू-कनशस (Value-Conscious) ग्राहकों पर फोकस बनाए रखा है। इसके बिजनेस में ऐसे ग्राहकों की हिस्सेदारी करीब 74 फीसदी है।
रेवेन्यू का सीएजीआर 18 फीसदी रह सकता है
एचडीएफसी सिक्योरिटीज ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि वित्त वर्ष 2026-28 के दौरान विशाल मेगमार्ट के रेवेन्यू का कंपाउंडेड एनुअल ग्रोथ रेट (CAGR) करीब 18 फीसदी और EBITDA का सीएजीआर 21 फीसदी रह सकता है। FY28 तक कंपनी के टैक्स बाद प्रॉफिट का सीएजीआर करीब 26 फीसदी रह सकता है। इस दौरान रिटर्न ऑन इनवेस्टेड कैपिटल करीब 18 फीसदी रह सकता है।
इस साल शेयरों में 15 फीसदी गिरावट
ब्रोकरेज फर्म ने विशाल मेगमार्ट को सबसे कम कॉस्ट वाला रिटेलर बताया है। इस कंपनी की टियर 2 और छोटे शहरों में अच्छी मौजूदगी है। कंपनी का फोकस स्टोर की संख्या बढ़ाने पर भी बना हुआ है। कंपनी में प्रमोटर की हिस्सेदारी करीब 40 फीसदी है। मीडियम टर्म में प्राइवेट इक्विटी फर्में अपनी हिस्सेदारी बेच सकती हैं। इससे कंपनी के शेयरों की सप्लाई बढ़ सकती है। इस साल विशाल मेगामार्ट का शेयर 15 फीसदी से ज्यादा फिसला है।