थाइलैंड में जल्द रौनक लौटने वाली है। सरकार बार, पब और नाइटक्लब पर लगी पाबंदी हटाने जा रही है। कोरोना की महामारी की वजह से करीब एक साल से ये बंद हैं। इससे थाईलैंड को काफी लॉस हुआ है। थाईलैंड की इनकम में टूरिज्म की काफी हिस्सेदारी है। बार और पब बंद होने से टूरिज्म पर काफी असर पड़ा है। सरकार का मानना है कि इनके फिर से ओपन हो जाने से टूरिस्ट को अट्रैक्ट करने में मदद मिलेगी।
प्रधानमंत्री पी चैन-ओचा की अध्यक्षता में वायरस टास्क फोर्स की बैठक हुई। इसके बाद डिप्टी हेल्थ मिनिस्टर सतित पिटुटेचा ने संवाददाताओं को बताया कि ग्रीन और ब्लू जोंस के तहत आने वाले प्रोविंस के पब और बार आधी रात तक सर्विस देंगे। हालांकि, उन्होंने पब और बार खुलने की तारीख के बारे में नहीं बताया। टूरिज्म इंडस्ट्री इन्हें 1 जून से खोलने के लिए सरकार पर दबाव बना रही है।
नाइटलाइफ एंटरटेनमेंट स्पॉट्स धीरे-धीरे खुलने से थाईलैंड में फिर से रौनक लौटने की उम्मीद है। इससे जून-सितंबर के दौरान थाईलैंड में ज्यादा विदेशी टूरिस्ट आने की उम्मीद है। आम तौर पर इस दौरान थाईलैंड में कम टूरिस्ट आते हैं। कुछ समय पहले थाईलैंड में कोरोना के ओमीक्रॉन वेरिएंट ने कहर बरपाया था। हालांकि, अब संक्रमण के मामलों में कमी आ रही है। अप्रैल में जहां रोजाना 30,000 मामले आ रहे थे, अब ये घटकर रोजाना 5,000 रह गए हैं।
थाईलैंड सरकार को अक्टूबर से हर महीने करीब 10 लाख पर्यटकों के आने की उम्मीद है। तब तक विदेशी लोगों के थाईलैंड में प्रवेश पर लगी ज्यादातर पाबंदियां खत्म हो जाएगी। सरकार ने पर्यटकों के लिए कोविड टेस्ट और क्वारिनटिन की अनिवार्यता पहले ही खत्म कर दी है। हालांकि, प्री-अराइवल रजिस्ट्रेशन और इंश्योरेंस की अनिवार्यता अभी बनी हुई है।
थाईलैंड की इकोनॉमी में टूरिज्म का बड़ा हाथ है। दुनियाभर से लाखों टूरिस्ट थाईलैंड जाते हैं। इंडिया से भी बड़ी संख्या में टूरिस्ट वहां जाते हैं। कोरोना की महामारी शुरू होने के बाद टूरिस्ट अराइवल बंद हो गया। इससे थाईलैंड की टूरिज्म इंडस्ट्री को बहुत नुकसान उठना पड़ा।