Adani Wilmar IPO: अडानी विल्मर का इश्यू आज यानी 27 जनवरी को खुल रहा है। कंपनी 3600 करोड़ रुपए का इश्यू लेकर आई है। इसका इश्यू प्राइस 218-230 रुपए तय हुआ है। कंपनी का इश्यू पूरी तरह फ्रेश शेयर है यानी इश्यू से जुटाया गया पूरा पैसा कंपनी के पास जाएगा। Adani Wilmar का इश्यू 31 जनवरी को बंद होगा। इसी के साथ अडानी ग्रुप (Adani Group) की एक और कंपनी अडानी विल्मर (Adani Wilmar) शेयर बाजार में लिस्ट होने के लिए तैयार है।
अडानी विल्मर ने बताया की IPO से मिली रकम में से 1,900 करोड़ रुपये का इस्तेमाल कैपिटल एक्सपेंडिचर में किया जाएगा। वहीं करीब 1,058.9 करोड़ रुपये का इस्तेमाल कंपनी के ऊपर लदे कर्ज को कम करने में किया जाएगा और बाकी 450 करोड़ रुपये रणनीतिक अधिग्रहण और निवेश के दूसरे मौकों में खर्च किए जाएंगे। अडानी विल्मर IPO में अपने शेयर 218-230 रुपये के दायरे में बेच रही है।
ज्यादातर एनालिस्ट लिस्टिंग के बाद इस कंपनी की संभावनाओं को लेकर उत्साहित हैं निवेशकों को इश्यू को सब्सक्राइब करने की सलाह दे रहे हैं। उनका कहना है कि कंपनी की डायवर्सिफाइड पोर्टफोलियो, मजबूत ब्रांड वैल्यू और कच्चे माल की सोर्सिंग क्षमताओं से भविष्य में उसकी ग्रोथ अच्छी रह सकती है। बता दें कि अडानी विल्मर बाजार में अपने उत्पादों को फॉर्च्यून (Fortune) ब्रांडनेम के साथ बेचती है।
ब्रोकरेज फर्म Angel One ने अडानी विल्मर के IPO को सब्सक्राइब करने की सलाह दी है। ब्रोकरेज ने कहा, "कंपनी के वैल्यूएशन की बात करें तो, ऊपरी प्राइस बैंड पर इसका TTM P/E करीब 37.6 गुना बैठेगा, जो वाजिब नजर आता है। खासतौर से यह देखते हुए कि वित्त वर्ष 2019 से 2021 के दौरान कंपनी का मुनाफा और आमदनी क्रमश: 13 फीसदी और 39 फीसदी बढ़ा है।"
कंपनी का वैल्यूएशन FMCG सेक्टर की उसकी समकक्ष कंपनियों- नेस्ले और ब्रिटानिया इंडस्ट्रीज की तुलना में सस्ता है, जो 81.6 गुना और 54.7 गुना के पीई पर कारोबार कर रही हैं। इसकी समकक्ष कंपनियों का औसत पीई 57.6 गुना है।
Angel One ने कहा, "अडानी विल्मर के पास एक मजबूत ब्रांड है। उसका डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क काफी व्यापक है। कंपनी का फाइनेंशिल ट्रैक रिकॉर्ड भी काफी अच्छा रहा है और इसकी ROE भी काफी हेल्दी है। इस तरह हमारा मानना है कि कंपनी का वैल्यूएशन उचित स्तर पर हैं औह हम इस IPO को सब्सक्राइब करने की सलाह देते हैं।"
हालांकि एंजेल वन ने अपने नोट में यह भी कहा है कि कच्चे माल की कीमतों में भारी उतार-चढ़ाव और इंडस्ट्री में बढ़ती प्रतिस्पर्धा से कंपनी के मुनाफे पर असर पड़ सकता है।
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ब्रोकरेज फर्म चॉइस ब्रोकिंग ने एक नोट में कहा, "कंपनी के एडिबल ऑयल बिजनेस की ग्रोथ मजबूत नजर आ रही है। साथ ही कंपनी के सामने फूड और FMCG बिजनेस सेगमेंट में भी काफी विशाल मौका भुनाने के लिए है। इन पहलुओं पर गौर करते हुए हम इस इश्यू को सब्सक्राइब करने की सलाह देते हैं।"
मारवाड़ी फाइनेंशियल सर्विसेज का मानना है कि अडानी विल्मर का IPO अपने प्रतिस्पर्धी कंपनियों के मुकाबले वाजिब वैल्यूएशन पर उपलब्ध है। ब्रोकरेज ने कहा, "हम इस IPO को 'सब्सक्राइब' रेटिंग देते हैं। अडानी विल्मर देश की प्रमुख कंज्यूमर प्रोडक्ट कंपनी है और ब्रांडेड एडिबल ऑयल कैटेगरी में यह मार्केट लीडर है।"
बताते चलें कि Adani Wilmar गौतम अदानी के मालिकाना हक वाली अदानी ग्रुप और सिंगापुर के विल्मर ग्रुप के बीच मिलकर बना 50:50 फीसदी भागीदारी वाला च्वाइंट वेंचर है। कंपनी फॉर्चुन ब्रांड के तहतखाने का तेल बेचती है। खाने के तेल के अलावा कंपनी चावल, आटा और चीनी भी बेचती है। इसके अलावा कंपनी साबुन, हैंडवास और सेनिटाइजर जैसे प्रोडक्ट भी बेचती है।