सरकार ने सहारा सहकारी समितियों (Sahara co-operative societies) के वास्तविक जमाकर्ताओं की तरफ से दावे को पेश करने के लिए एक खास पोर्टल लॉन्च किया है, जहां निवेशकों की गाढ़ी कमाई फंसी हुई है। सहारा क्रेडिट कोऑपरेटिव सोसाइटी लिमिटेड, सहारायन यूनिवर्सल मल्टीपर्पज सोसाइटी लिमिटेड, हमारा इंडिया क्रेडिट कोऑपरेटिव सोसाइटी लिमिटेड और स्टार्स मल्टीपर्पज कोऑपरेटिव सोसाइटी लिमिटेड में पैसा लगाने वाले पोर्टल के माध्यम से रिफंड के लिए पात्र हैं। इन सोसायटी के वैध जमाकर्ताओं को पोर्टल पर ऑनलाइन अप्लीकेशन पूरा करके और जरूरी कागजी कार्रवाई अपलोड करके अपना दावा पेश करना जरूरी है।
आधार कार्ड के जरिए होगा वेरिफिकेशन
जमाकर्ताओं की पहचान को वेरिफाई करने के लिए आधार कार्ड का इस्तेमाल किया जाएगा। फंड की अवेलबिटिली के हिसाब से असल जमाकर्ताओं को भुगतान उनके बैंक खातों में जमा किया जाएगा और उन्हें एसएमएस/पोर्टल के माध्यम से स्थिति की जानकारी दी जाएगी। भुगतान नियुक्त सोसायटी, लेखा परीक्षकों और ओएसडी द्वारा उनके दावों को सत्यापित करने और दस्तावेज अपलोड करने के बाद किया जाएगा। इसके अलावा दावा पेश करने वालों के पास बैंक अकाउंट नंबर और उनके आधार से लिंक मोबाइल नंबर का होना भी जरूरी है।
कितने दिनों में आ जाएंगे पैसे
जिन भी लोगों ने इस पोर्टल के जरिए अपना रिफंड क्लेम किया है उनको 45 दिनों के अंदर अंदर रिफंड भेज दिया जाएगा। साथ ही उन लोगों को एसएमएस के जरिए इस बात की जानकारी भी दे दी जाएगी। सोसायटी के वास्तविक जमाकर्ताओं को आधार से जुड़े मोबाइल नंबर और बैंक खाते के रूप में अपने दावे और जमा का सत्यापन प्रदान करने के लिए कहा जाता है। सीआरसीएस पर दावा प्रस्तुत करने के 45 दिनों के बाद, जमाकर्ता दावे के बारे में अपने सवालों के लिए संबंधित सहारा सोसायटी शाखा से संपर्क कर सकता है। साथ ही अपना क्लेम सबमिट करने के लिए आपके पास एक पासबुक, एक क्लेम रिक्वेस्ट फॉर्म और पैन कार्ड होना चाहिए।