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Indian Army की कैंटीन में आखिर इतना सस्ता सामान क्यों मिलता है? जानिए इसकी वजह

Indian Army: पूरे देश में लेह से लेकर अंडमान एंड निकोबार तक आर्मी कैंटीन के कुल 33 डिपो हैं। 3700 के आसपास यूनिट रन कैंटीन्स हैं। आर्मी कैंटीन में ग्रोसरी आइटम, किचन अप्लायंस, इलेक्ट्रॉनिक्स आइटम, ऑटोमोबाइल और यहां तक कि शराब भी खरीद सकते हैं। यहां पर कई विदेशी आइटम भी उपलब्ध होते हैं। यहां बाजार रेट से काफी सस्ता सामान मिलता है

Jitendra Singhअपडेटेड Jul 23, 2023 पर 1:21 PM
Indian Army की कैंटीन में आखिर इतना सस्ता सामान क्यों मिलता है? जानिए इसकी वजह
Indian Army: आर्मी कैंटीन के सामान में टैक्स बेहद कम लगता है

Indian Army: सेना के जवान हर मोर्चे पर आगे रहते हैं। घर परिवार से दूर रहकर सीमा पर सेना के जवान देश के प्रति न्योछावर होने के लिए तैयार रहते हैँ। देश के ये वीर सपूत सरहद पर कई-कई महीनों तक ड्यूटी करते हैं। केंद्र सरकार भी सेना के जवानों का पूरा ख्याल रखती है। जवानों के लिए सरकार की ओर कैंटीन की सविधा मुहैया कराई गई है। इस कैंटीन के बारे में आप लोगों ने भी काफी कुछ सुना होगा। यहां काफी सस्ता सामान मिलता है। इसे कैंटीन स्टोर्स डिपार्टमेंट (CSD) कहा जाता है। CSD को ही आम बोलचाल में आर्मी कैंटीन कहते हैं।

बाजार के मुकाबले इस कैंटीन में जवानों के लिए सस्ते दामों पर सामान मुहैया कराया जाता है। ऐसे में अब सवाल यह उठता है कि आखिर आर्मी कैंटीन पर सामान इतने सस्ते में कैसे मिल जाता है? आइए आज हम आपको बताते हैं...

आर्मी कैंटीन में इतना सस्ता सामान कैसे मिलता है?

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, CSD कैंटीन में सरकार GST में 50 फीसदी की छूट देती है। GST की अधिकतम दरें 5, 12, 18 और 28 फीसदी हैं। इसका मतलब यह हुआ कि अगर किसी समान पर बाजार में 5 फीसदी GST लगता है तो कैंटीन के लिए वह 2.5 फीसदी होगी। यही वजह है कि यहां सामान सस्ता मिलता है। ऐसे में बहुत से लोग खरीदारी करने के लिए सेना में शामिल अपने रिश्‍तेदारों को ढूंढते हैं। ताकि सस्ती दर पर उनसे कैंटीन से खरीदारी करवा सकें। लेकिन, अब ऐसा नहीं हो पाएगा। दरअसल सरकार ने एक जवान के प्रति माह सामान खरीदने की लिमिट में कटौती कर दी है। पहले हर महीने 18 नहाने के साबुन खरीद सकते थे। अब एक महीने में सिर्फ 6 साबुन खरीद सकते हैं। इसी तरह बाकी सामानों की सीमा को भी बदला गया है।

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