EPFO Employees Enrolment Campaign 2026: कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने कंपनियों और नियोक्ताओं के लिए एक विशेष योजना 'Employees’ Enrolment Campaign 2026' शुरू की है। इस स्पेशल ड्राइव का मुख्य मकसद उन कर्मचारियों को ईपीएफ, पेंशन (EPS) और बीमा (EDLI) जैसी सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के दायरे में लाना है, जो किसी वजह से पहले ईपीएफओ से नहीं जुड़ पाए थे।
श्रम एवं रोजगार मंत्रालय के अनुसार, यह योजना कंपनियों के लिए अपने पुराने रिकॉर्ड्स को सुधरवाने और कानूनी कार्रवाई से बचने का एक एकमुश्त मौका है। आइए आसान भाषा में समझते हैं इस योजना की आखिरी तारीख, पात्रता और ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन का पूरा प्रोसेस।
क्या है इस स्पेशल ड्राइव की आखिरी तारीख?
यह अभियान 29 जून 2026 से शुरू हो चुका है। कंपनियों के पास अपने छूटे हुए वर्क्स का रजिस्ट्रेशन कराने के लिए 31 अक्टूबर 2026 तक का समय है। इस ड्राइव के तहत 1 अप्रैल 2009 से 31 मार्च 2026 के बीच छूटे हुए कर्मचारियों को रेग्युलाइज किया जा सकता है।
किन्हें मिलेगा इस योजना का फायदा?
इस स्पेशल कैंपेन का लाभ उठाने के लिए ये शर्तें पूरी होनी अनिवार्य हैं:
कर्मचारी का स्टेटस: कर्मचारी 1 अप्रैल 2009 से 31 मार्च 2026 की अवधि के दौरान कंपनी में कार्यरत रहा हो।
एक्टिव नौकरी: घोषणा की तारीख को कर्मचारी जीवित होना चाहिए और कंपनी के साथ एक्टिव एंप्लॉयमेंट में होना चाहिए।
कंपनियों को राहत: अगर कंपनी ने पहले कर्मचारी के हिस्से का पीएफ नहीं काटा था, तो इस योजना की शर्तों के तहत कंपनी को कुछ खास प्रशासनिक छूट भी दी जाएगी ताकि उन पर अचानक आर्थिक बोझ न पड़े।
कैसे करें रजिस्ट्रेशन? समझें पूरा प्रोसेस
EPFO ने इस पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी और पूरी तरह डिजिटल रखा है:
इंटरनल ऑडिट: सबसे पहले कंपनियों को अपने पिछले वेतन और रोजगार रिकॉर्ड का आंतरिक ऑडिट करना होगा ताकि छूटे हुए पात्र कर्मचारियों की पहचान हो सके।
Face Authentication और UAN: एंप्लॉयर को UMANG App की मदद से चेहरे की पहचान के आधार पर कर्मचारी का यूनिवर्सल अकाउंट नंबर (UAN) जनरेट करना होगा।
ऑनलाइन चालान (ECR): UAN जनरेट होने के बाद, कंपनी को EPFO के Electronic Challan-cum-Return (ECR) पोर्टल के माध्यम से तय पीएफ योगदान जमा करना होगा।
केवल ऑनलाइन मोड: यह पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन पोर्टल और उमंग ऐप के जरिए ही पूरी की जाएगी, किसी भी भौतिक दस्तावेज को जमा करने की आवश्यकता नहीं है।
कर्मचारियों और कंपनियों दोनों के लिए क्यों जरूरी है यह ड्राइव?
इससे वर्क्स को पीएफ फंड पर ब्याज, रिटायरमेंट के बाद पेंशन और दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति में परिवार को बीमा कवर का सीधा फायदा मिलेगा। कंपनियां भविष्य में होने वाले भारी-भरकम जुर्माने और कानूनी पचड़ों से बच सकेंगी और अपनी कागजी खामियों को बिना किसी परेशानी के सुधार सकेंगी।