दिवाली आने पर कई राज्यों ने अपने यहां पटाखों की खरीदने, सेल और जलाने पर पूरे तरीके से बैन लगा दिया है। कुछ राज्यों में ग्रीन पटाखो की इजाजत शर्तों के साथ दी है। राज्यों ने पटाख जलाए जाने पर एयर और ध्वनि पॉल्युशन को रोकने के लिए कदम उठाए हैं। 29 अक्टूबर को सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि लोगों की सेहत की कीमत पर पटाखे जलाने की इजाजत नहीं दी सकती। हालांकि, सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि पटाखे जलाए जाने पर पूरी तरह से प्रतिबंध नहीं है लेकिन ऐसे पटाखे जिनमें बोरियम साल्ट पाया जाता है उन पर प्रतिबंध रहेगा।
दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने एक जनवरी तक राजधानी दिल्ली में पटाखों की सेल, परचेज और जलाने पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाया हुआ है।
हरियाणा सरकार ने अपने सभी जिलों में सभी तरह के पटाखों की सेल और इस्तेमाल पर रोक लगा दी है। राज्य सरकार ने ग्रीन पटाखे जलाने की इजाजत दी है। शादी समारोहों में ग्रीन पटाखों चलाने पर छूट दी है।
कर्नाटक सरकार ने अपने यहां केवल ग्रीन पटाखे जलाने की इजाजत दी है। साथ ही उसने इस दौरान लोगों से कोरोना के नियमों का सख्ती से पालन करने के लिए कहा है। दुकानदारों को ग्रीन पटाखे बेचने के लिए भी लाइसेंस लेना होगा।
पश्चिम बंगाल प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने पहले कहा था कि दिवाली एवं काली पूजा के मौके पर शाम आठ बजे से रात 10 बजे तक ग्रीन पटाखे जलाने की इजाजत होगी। छठ पूजा के लिए सुबह छह बजे से 8 बजे तक ग्रीन पटाखे जलाने की इजाजत होगी।
उत्तर प्रदेश सरकार ने कहा है कि जिन शहरों में एयर क्वालिटी खराब है, वहां पर पटाखों की सेल और इस्तेमाल पर पूरी तरह से प्रतिबंध रहेगा।
राजस्थान सरकार ने दिवाली के मौके पर केवल ग्रीन पटाखे चलाने की इजाजत दी है। त्योहारी सीजन को देखते हुए राज्य सरकार ने पटाखे जलाए जाने को लेकर निर्देश जारी किए हैं।
मध्य प्रदेश सरकार ने दिवाली के लिए पटाखों को देखते हुए गाइडलाइन जारी करते हुए कहा कि जिन शहरों की वायु गुणवत्ता 100 से 200 के नीचे हैं, वहां दिवाली के दिन दो घंटों के लिए ग्रीन पटाखे फोड़े जा सकेंगे। इसके अलावा जिन शहरों वायु गुणवत्ता सूचकांक 200 से ज्यादा है वहां पटाखे नहीं फोड़े जा सकेंगे।
छत्तीसगढ़ सरकार ने दिवाली से लेकर नए साल तक के लिए पटाखे फोड़ने का समय तय कर दिया है। त्योहारों के लिए ऑनलाइन पटाखे नहीं लिए जा सकेंगे। सरकार ने ऑनलाइन पटाखों की सेल और परचेज पर प्रतिबंध लगा दिया है।
असम के प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने आदेश जारी कर ग्रीन पटाखों को छोड़कर सभी तरह के पटाखों पर प्रतिबंध लगा दिया है। यहां ग्रीन पटाखों का भी समय दिवाली के दिन रात 8 से 10 बजे तक और छठ पूजा दिन सुबह 6 से 8 बजे तक रखा गया है।
राजस्थान सरकार ने दिवाली के मौके पर केवल ग्रीन पटाखे चलाने की इजाजत दी है। त्योहारी सीजन को देखते हुए राज्य सरकार ने पटाखे जलाए जाने को लेकर निर्देश जारी किए हैं।
मध्य प्रदेश सरकार ने दिवाली के लिए पटाखों को देखते हुए गाइडलाइन जारी करते हुए कहा कि जिन शहरों की वायु गुणवत्ता 100 से 200 के नीचे हैं, वहां दिवाली के दिन दो घंटों के लिए ग्रीन पटाखे फोड़े जा सकेंगे। इसके अलावा जिन शहरों वायु गुणवत्ता सूचकांक 200 से ज्यादा है वहां पटाखे नहीं फोड़े जा सकेंगे।
छत्तीसगढ़ सरकार ने दिवाली से लेकर नए साल तक के लिए पटाखे फोड़ने का समय तय कर दिया है। त्योहारों के लिए ऑनलाइन पटाखे नहीं लिए जा सकेंगे। सरकार ने ऑनलाइन पटाखों की सेल और परचेज पर प्रतिबंध लगा दिया है।
असम के प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने आदेश जारी कर ग्रीन पटाखों को छोड़कर सभी तरह के पटाखों पर प्रतिबंध लगा दिया है। यहां ग्रीन पटाखों का भी समय दिवाली के दिन रात 8 से 10 बजे तक और छठ पूजा दिन सुबह 6 से 8 बजे तक रखा गया है।
महाराष्ट्र सरकार ने पटाखों के इस्तेमाल पर प्रतिबंध नहीं लगाया है, लेकिन लोगों से इस साल पटाखे जलाने से परहेज करने को कहा है।