सोने की कीमत पर निकट भविष्य में और दबाव पड़ सकता है। रॉयटर्स के मुताबिक, यह बात HSBC ने कही है। बैंक ने साल 2026 के लिए सोने की औसत कीमत का अनुमान घटाकर 4,490 डॉलर प्रति औंस कर दिया है। वहीं 2027 के लिए औसत कीमत का अनुमान कम करके 4,825 डॉलर प्रति औंस कर दिया है। इस वक्त वैश्विक बाजार में हाजिर सोना 4,184.45 डॉलर प्रति औंस पर है। इस सप्ताह अब तक भाव 2 प्रतिशत से ज्यादा नीचे आया है।
रिपोर्ट में कहा गया है कि HSBC ने भले ही सोने की कीमत पर निकट भविष्य में और दबाव आ सकने की बात कही हो लेकिन साथ में एक उम्मीद भी जताई हे। वह यह कि कीमतें गिरने पर, खासकर 4,000 डॉलर के आसपास या उससे नीचे जाने पर, केंद्रीय बैंक फिर से सोना खरीदना शुरू कर देंगे।
एक दिन पहले बढ़ी थी वैश्विक कीमत
अंतरराष्ट्रीय बाजार में एक दिन पहले हाजिर सोना 4,165.29 डॉलर प्रति औंस पर था। अमेरिका में महंगाई के आंकड़े कमजोर रहे हैं। इससे अमेरिकी केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व की ओर से अक्टूबर में बेंचमार्क ब्याज दरें बढ़ाए जाने की उम्मीदें घटीं और वैश्विक बाजार में सोने में तेजी आई। अब निवेशकों की नजर अमेरिका के पेरोल डेटा पर है। चांदी की वैश्विक बाजार में वर्तमान में कीमत 61.18 डॉलर प्रति औंस है।
मेटल्स फोकस और जेफरीज को सोने से क्या उम्मीद
हाल ही में रिपोर्ट आई कि Metals Focus के मैनेजिंग डायरेक्टर फिलिप न्यूमैन का मानना है कि वैश्विक बाजार में 2026 के अंत तक सोने की कीमत 5,000 डॉलर प्रति औंस तक पहुंच सकती है। अगर ऐसा हुआ तो चांदी 80 डॉलर प्रति औंस तक जा सकती है। न्यूमैन के मुताबिक, 2027 में चांदी में और तेजी की गुंजाइश है। इसके अलावा सितंबर के मध्य में Jefferies के ग्लोबल हेड ऑफ इक्विटी स्ट्रैटेजी क्रिस वुड ने अनुमान जताया था कि सोने का भाव बढ़कर 10,000 डॉलर प्रति औंस तक पहुंच सकता है।