अगर GST काउंसिल की बैठक में एक मुद्दे पर फैसला होता है, तो घरों और फ्लैट्स की कीमत कम हो सकती है। जीएटी काउंसिल की बैठक 9 सितंबर को होनी है। रिपोर्ट्स के मुताबिक रियल एस्टेट डेवलपर्स के लिए जीएसटी के मोर्चे पर राहत मिलने के संकेत हैं। जमीन के सौदों में डेवलपमेंट राइट्स पर 18% जीएसटी का विवाद जल्द ही सुलझ सकता है। रियल एस्टेट पर गठित ग्रुप ऑफ मिनिस्टर्स (GoM) इस मुद्दे को 22 अगस्त को होने वाली बैठक में सुलझाने के उपायों पर चर्चा करेगा। डेवलपर्स लंबे समय से जमीन की खरीद-बिक्री के दौरान ज्वाइंट डेवलपमेंट राइट्स पर 18% जीएसटी का विरोध कर रहे हैं, क्योंकि इससे लैंड कॉस्ट में बढ़ोतरी होती है, जिसका सीधा असर फ्लैट और होम बायर्स पर पड़ता है।
अगर GoM इस मुद्दे पर कोई सिफारिश करता है, तो 9 सितंबर को होने वाली जीएसटी काउंसिल की बैठक में इस पर अंतिम फैसला लिया जा सकता है। Developable Land की खरीद-बिक्री पर फिलहाल जीएसटी नहीं लगता है, लेकिन डेवलपमेंट राइट्स पर 18% जीएसटी लगाने से प्रॉपर्टी की कुल लागत बढ़ जाती है। यह बढ़ी हुई लागत अंततः घर खरीदने वालों पर पड़ती है, जिससे उनके लिए घर खरीदना महंगा हो जाता है।
लैंड ओनर्स और डेवलपर्स इस 18% जीएसटी के खिलाफ विरोध कर रहे हैं। इस मुद्दे पर तेलंगाना हाईकोर्ट के फैसले को लेकर सुप्रीम कोर्ट में मामला चल रहा है। इस संदर्भ में GoM की सिफारिशें महत्वपूर्ण हो सकती हैं, क्योंकि इससे रियल एस्टेट सेक्टर में चल रहे असमंजस को दूर किया जा सकता है और घर खरीदने वालों को राहत मिल सकती है। अब सभी की नजरें जीएसटी काउंसिल की आगामी बैठक पर हैं, जहां इस मुद्दे पर अंतिम निर्णय लिया जाएगा।