पोस्ट ऑफिस की स्मॉल सेविंग्स स्कीम्स (Post Office Small Savings Schemes) के लिए ई-पासबुक (e-passbook) फैसिलिटी शुरू हो गई है। अब इन स्कीम्स के ग्राहक कहीं से और कभी अपने अकाउंट के बारे में जानकारी हासिल कर सकते हैं। इसके लिए नेट बैंकिंग (Net Banking) और मोबाइल बैंकिंग (Mobile Banking) एक्सेस जरूरी नहीं है।
डिपार्टमेंट ऑफ पोस्ट्स (Department of Posts) ने इस बारे में 12 अक्टूबर को एक नोटिफिकेशन जारी किया है। इसमें कहा गया है कि 12 अक्टूबर से ई-पासबुक फैसिलिटी शुरू करने का फैसला लिया गया है। इससे नेशनल सेविंग्स स्कीम्स (National Savings Schemes) अकाउंटहोल्डर्स को डिजिटल फैसिलिटी मिलेगी।
ई-पासबुक फीचर का फायदा उठाने के लिए ग्राहक को अपने रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर का इस्तेमाल करना होगा। डिपार्टमेंट ऑफ पोस्ट्स ने कहा है कि ग्राहकों को यह सुविधा फ्री उपलब्ध होगी। इसकी मदद से नेशनल सेविंग्स स्कीम के यूजर अपने अकाउंट के बैलेंस को देख सकते हैं। वे अपने अकाउंट का मिनी स्टेटमेंट भी देख सकते हैं। हालांकि, शुरुआत में यह सुविधा पोस्टल सेविंग्स अकाउंट्स, सुकन्या समृद्धि अकाउंट्स और PPF के लिए उपलब्ध है।
डिपार्टमेंट ऑफ पोस्ट्स ने कहा है कि मिनी स्टेटमेंट देखने की सुविधा धीरे-धीरे दूसरी स्कीमों के लिए भी उपलब्ध होगी। इसमें यूजर को पिछले 10 ट्रांजेक्शन दिखेंगे। वे चाहे तो इसे पीडीएफ फॉरमैट में डाउनलोड भी कर सकते हैं। बाद में यूजर के लिए पूरा स्टेमेंट भी ई-पासबुक के तहत उपलब्ध कराए जाने का प्लान है। ग्राहक किसी खास पीरियड के लिए अकाउंट स्टेटमेंट क्रिएट कर सकेंगे।
ऐसे चेक करें पीपीएफ, सेविंग अकाउंट, सुकन्या समृद्धि का अकाउंट
इस फैसेलिटी का इस्तेमाल करने के लिए आपको www.indiapost.gov.in या www.ippbonline.com पर जाना होगा। फिर आपको अपना मोबाइल नंबर डालना होगा। उसके बाद कैपचा फिल करना होगा। फिर आपके मोबाइल पर एक ओटीपी आएगा। ओटीपी डालने के बाद आपको सब्मिट पर क्लिक करना होगा।
उसके बाद आपको ई-पासबुक सेलेक्ट करना होगा। फिर उस स्कीम का टाइप सेलेक्ट करना होगा। इसके बाद अकाउंट नंबर डालना होगा। उसके बाद रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर और फिर कैपचा फिल करना होगा। उसके बाद वेरिफाय करना होगा।
ई-पासबुक फैसिलिटी शुरू होने के बाद स्मॉल सेविंग्स स्कीम के ग्राहकों को अकाउंट बैलेंस और उसमें होने वाले ट्रांजेक्शन के बारे में जानकारी हासिल करने के लिए पोस्ट ऑफिस नहीं जाना पड़ेगा। यूजर कहीं से किसी वक्त और बगैर किसी खर्च के यह सुविधा हासिल कर सकते हैं। इसके लिए उन्हें इंटरनेट बैंकिंग या मोबाइल बैंकिंग ऐप की भी जरूरत नहीं है।