ITR Filing 2026: क्या आपको पता हैं लीव ट्रैवल अलाउंस के ये नियम? टैक्स छूट का दावा करने से पहले ध्यान रखें ये बातें

Leave Travel Allowance Rules Income Tax: बहुत से लोग सोचते हैं कि वे लीव ट्रैवल अलाउंस यानी LTA की पूरी छुट्टियों के खर्च पर टैक्स बचा सकते हैं, जबकि हकीकत ऐसी नहीं है। जानिए LTA से जुड़े जरूरी नियम, पात्रता और इसके तहत मिलने वाली छूट का पूरा गणित

अपडेटेड Jul 20, 2026 पर 12:35 PM
इनकम टैक्स एक्ट के तहत एलटीए पर टैक्स छूट पाने के लिए कुछ बेहद सख्त शर्तें लागू होती हैं

Leave Travel Allowance Income Tax Rules: 31 जुलाई की इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) फाइलिंग की डेडलाइन नजदीक आ रही है। ऐसे में कई नौकरीपेशा टैक्सपेयर्स अपने फॉर्म 16 में दिख रहे टैक्स डिडक्शन और एग्जेंप्शन की समीक्षा कर रहे होंगे। इसी में से एक महत्वपूर्ण टैक्स बेनिफिट है लीव ट्रैवल अलाउंस यानी LTA, जो कर्मचारियों को छुट्टी के दौरान की गई यात्रा के खर्चों पर टैक्स राहत का दावा करने की अनुमति देता है।

लेकिन ध्यान रहे, इनकम टैक्स एक्ट के तहत एलटीए पर टैक्स छूट पाने के लिए कुछ बेहद सख्त शर्तें लागू होती हैं। बहुत से लोग सोचते हैं कि वे पूरी छुट्टियों के खर्च पर टैक्स बचा सकते हैं, जबकि हकीकत ऐसी नहीं है। आइए समझते हैं LTA से जुड़े नियम, पात्रता और इसके तहत मिलने वाली छूट का पूरा गणित।

1. क्या होता है लीव ट्रैवल अलाउंस (LTA)?


लीव ट्रैवल अलाउंस (LTA), जिसे कुछ जगहों पर लीव ट्रैवल कंसेशन (LTC) भी कहा जाता है, नियोक्ताओं द्वारा अपने कर्मचारियों को छुट्टी के दौरान होने वाले यात्रा खर्चों को पूरा करने के लिए दिया जाने वाला एक अलाउंस है।

इनकम टैक्स एक्ट की धारा 10(5) और इनकम टैक्स रूल्स के नियम 2B के तहत, अगर कोई कर्मचारी सरकार द्वारा निर्धारित सभी शर्तों को पूरा करता है, तो इस भत्ते पर टैक्स छूट का दावा किया जा सकता है।

LTA पर टैक्स छूट का लाभ केवल उन्हीं टैक्सपेयर्स को मिलता है जो पुरानी टैक्स व्यवस्था का विकल्प चुनते हैं। अगर आपने नई टैक्स व्यवस्था चुनी है, तो आप LTA पर किसी भी तरह की टैक्स छूट के हकदार नहीं होंगे।

2. कौन कर सकता है LTA का दावा?

LTA पर टैक्स छूट पाने के लिए कुछ बेसिक योग्यताओं का होना जरूरी है। यह छूट केवल उन्हीं वेतनभोगी कर्मचारियों के लिए उपलब्ध है जिनके सैलरी पैकेज या सीटीसी स्ट्रक्चर में स्पष्ट रूप से LTA का कंपोनेंट शामिल होता है। अगर आपकी सैलरी में यह हिस्सा नहीं है, तो आप इसका क्लेम नहीं कर सकते। इसके अलावा, यह टैक्स छूट तभी मान्य होती है जब कर्मचारी वास्तव में छुट्टी पर हो और उस अवधि के दौरान उसने यात्रा की हो।

3. कौन से खर्चे टैक्स छूट के दायरे में आते हैं और कौन से नहीं?

LTA क्लेम करते समय खर्चों के वर्गीकरण को समझना बेहद जरूरी है, क्योंकि टैक्स विभाग केवल यात्रा के मुख्य साधन पर ही छूट देता है:

कौन से खर्चे टैक्स छूट के दायरे में आते हैं और कौन से नहीं?

4. 4 साल के ब्लॉक में कितनी बार मिलता है फायदा?

इनकम टैक्स नियमों के मुताबिक, आप हर वक्त या साल LTA का दावा नहीं कर सकते। सरकार द्वारा अधिसूचित चार कैलेंडर वर्षों के एक ब्लॉक में केवल दो यात्राओं के लिए ही LTA छूट का दावा किया जा सकता है। अगर कोई कर्मचारी किसी ब्लॉक के दौरान केवल एक ही यात्रा का दावा कर पाता है, तो बची हुई एक छूट को अगले ब्लॉक में 'कैरी फॉरवर्ड' बढ़ाया जा सकता है। हालांकि, इसके लिए शर्त यह है कि अगले ब्लॉक के पहले ही कैलेंडर वर्ष में उस पेंडिंग यात्रा का लाभ उठाना होगा।

5. ITR दाखिल करते समय ध्यान रखने योग्य बातें और जरूरी दस्तावेज

अगर आप LTA का लाभ उठाना चाहते हैं, तो कागजी कार्रवाई में कोई ढिलाई न बरतें:

  1. दस्तावेज संभाल कर रखें: यात्रा के टिकट, बोर्डिंग पास और अन्य सहायक दस्तावेजों को सबूत के तौर पर सुरक्षित रखना चाहिए।
  2. फॉर्म 16 से मिलान: आमतौर पर अगर आपने अपने एंप्लॉयर को समय पर दस्तावेज जमा कर दिए हैं, तो वे इसे वेरिफाई करके आपके फॉर्म 16 में रिफ्लेक्ट कर देते हैं। ITR फाइल करने से पहले फॉर्म 16 में इस छूट की जांच जरूर कर लें।
  3. टैक्स स्क्रूटनी के लिए रहें तैयार: अगर आप सीधे ITR फाइल करते समय LTA का दावा कर रहे हैं, तो सुनिश्चित करें कि आपके पास सभी पुख्ता सबूत हों, क्योंकि टैक्स स्क्रूटनी या वेरिफिकेशन के दौरान असेसिंग ऑफिसर (AO) आपसे ये टिकट मांग सकता है।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।