Pension scams: भारत में डिजिटल क्रांति आने से चीजें पैसों से जुड़ा लेनदेन काफी आसान हो गया है। लोग अब ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए घर बैठे आसानी से बैंकिंग और शॉपिंग जैसी सेवाओं को लाभ ले रहे हैं। हालांकि इसके साथ ही ऑनलाइन ठगी और धोखाधड़ी की घटनाओं में भी काफी तेजी आई है। साइबर अपराधियों ने भी इस डिजिटल दुनिया के साथ खुद को ढाल लिया है और लोगों को ठगने के लिए नए-नए तरीके अपनाए हैं। खासकर वरिष्ठ नागरिकों और पेंशनर्स को निशाना बनाने का एक खतरनाक ट्रेंड उभर रहा है, जहां ये अपराधियों उनकी तकनीक के प्रति कम जानकारी और उनकी कमजोरी का फायदा उठाते हैं।
सरकार ने पेंशनर्स को किया अलर्ट
सरकार ने पेंशनर्स को इन धोखाधड़ी स्कीमों से सावधान रहने की चेतावनी जारी की है, जो उनके रिटायरमेंट फंड को निशाना बना रही हैं। केंद्रीय पेंशन लेखा कार्यालय (CPAO) ने एक नोटिफिकेशन जारी करते हुए पेंशनर्स को हाल ही की धोखाधड़ी गतिविधियों के बारे में सूचित किया।
CPAO ने आगे कहा, "हम सभी पेंशनर्स से आग्रह करते हैं कि वे इन ठगों के झांसे में न आएं। अपनी व्यक्तिगत जानकारी, जैसे PPO नंबर, जन्मतिथि, और बैंक खाते की जानकारी को किसी के साथ साझा न करें। CPAO, बैंक या अन्य सरकारी एजेंसियां कभी भी पेंशनर्स से इस प्रकार की जानकारी नहीं मांगती हैं।"
असम पुलिस ने भी हाल ही में राज्य में रिटायर व्यक्तियों को निशाना बनाने वाली धोखाधड़ी के बारे में जनता को अलर्ट किया है। पुलिस के अनुसार, ठग खुद को ट्रेजरी ऑफिसर बताकर रिटायर्ड कर्मचारियों से संपर्क कर रहे हैं और गलत तरीके से दावा कर रहे हैं कि उनकी पेंशन रुकने वाली है।
इस धोखाधड़ी के जवाब में, अधिकारियों ने नागरिकों से अपील की है कि वे इन संदिग्ध कॉल्स पर बातचीत न करें और ऐसे फोन नंबरों को ब्लॉक कर दें। पेंशन से संबंधित किसी भी जानकारी को हमेशा इससे जुड़ी सरकारी एजेंसी से क्रॉस-चेक करें।
पेंशनर्स के लिए सुरक्षा उपाय
CPAO ने पेंशनर्स को धोखाधड़ी से बचने के लिए कुछ महत्वपूर्ण टिप्स भी दिए हैं-
स्रोत की पुष्टि करें: किसी भी कॉल या ईमेल के सत्यता की पुष्टि सीधे उस एजेंसी या बैंक से करें।
जल्दबाजी से बचें: ठग अक्सर पेंशनर्स को जल्दबाजी में फैसला लेने के लिए उकसाते हैं। कोई भी कदम उठाने से पहले जानकारी की पुष्टि करें और किसी विश्वसनीय व्यक्ति या वित्तीय सलाहकार से सलाह लें।
संदिग्ध गतिविधियों की रिपोर्ट करें: अगर आपको किसी स्कैम का संदेह हो, तो इसे CPAO, बैंक और स्थानीय कानून प्रवर्तन एजेंसियों को तुरंत रिपोर्ट करें।
अगस्त 2024 में, CPAO ने सभी केंद्रीय पेंशन प्रोसेसिंग सेंटर्स (CPPCs) को निर्देश दिया कि वे पेंशनर्स को जागरूक करें और उन्हें इन धोखाधड़ी से सुरक्षित रखने के लिए आवश्यक कदम उठाएं।