Get App

RBI New Rule: होम लोन और पर्सनल लोन लेने वालों के लिए बड़ी खबर! RBI ला रहा है नए नियम, जानें आपकी EMI पर क्या पड़ेगा असर

RBI Floating Rate Loan Draft Rules: आरबीआई होम और पर्सनल लोन लेने वालों के लिए बड़े बदलाव की तैयारी में है! 1 अप्रैल 2027 से फ्लोटिंग रेट लोन के नियम पूरी तरह बदलने वाले हैं। क्या अब बैंक मनमाने तरीके से अपना मार्जिन या ब्याज दरें नहीं बढ़ा सकेंगे? जानिए कैसे 'स्प्रेड' पर कसेगा शिकंजा, साथ ही 3 महीने की नई रिसेट टाइमलाइन और क्या पुराने ग्राहकों को मिलेगी राहत?

Curated By: Abhishek Guptaअपडेटेड Aug 13, 2026 पर 2:01 PM
RBI New Rule: होम लोन और पर्सनल लोन लेने वालों के लिए बड़ी खबर! RBI ला रहा है नए नियम, जानें आपकी EMI पर क्या पड़ेगा असर
आरबीआई होम और पर्सनल लोन लेने वालों के लिए बड़े बदलाव की तैयारी में है!

RBI New Floating-Rate Draft: अगर आपने होम लोन, पर्सनल लोन ले रखा है या MSME लोन लेने की योजना बना रहे हैं, तो यह खबर आपके काम की है। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने फ्लोटिंग रेट लोन के ब्याज दरों, रीसेट फ्रीक्वेंसी और स्प्रेड को लेकर नए ड्राफ्ट नियम पेश किए हैं।

अगर इन प्रस्तावित नियमों को अंतिम मंजूरी मिल जाती है, तो ये 1 अप्रैल 2027 से लागू हो जाएंगे। आरबीआई के इन नए नियमों का मकसद लोन प्रक्रिया में पारदर्शिता लाना है ताकि बैंक मनमाने तरीके से स्प्रेड या ब्याज दरें न बढ़ा सकें। आइए इस ड्राफ्ट गाइडलाइंस को विस्तार से समझते हैं।

एक्सटर्नल बेंचमार्क से जुड़ेंगे सभी फ्लोटिंग पर्सनल लोन, ग्राहकों को होगा फायदा

आरबीआई के ड्राफ्ट के अनुसार, कमर्शियल बैंकों द्वारा दिए जाने वाले सभी फ्लोटिंग-रेट पर्सनल लोन और MSME लोन को एक एक्सटर्नल बेंचमार्क जैसे- रेपो रेट से जोड़ना अनिवार्य होगा।

सब समाचार

+ और भी पढ़ें