SBI Vs HDFC Vs ICICI: अगर आप FD में निवेश करने की योजना बना रहे हैं, तो यह जानना जरूरी है कि आपका बैंक कितना ब्याज दे रहा है। RBI के रेपो रेट को 5.25% पर स्थिर रखने के बावजूद कई सरकारी और प्राइवेट बैंक अभी भी FD पर 7% से ज्यादा ब्याज की ऑफर कर रहे हैं। ऐसे में निवेश से पहले अलग-अलग बैंकों की दरों की तुलना करना आपकी कमाई बढ़ाने में मदद कर सकता है।
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने हाल ही में रेपो रेट को 5.25 प्रतिशत पर स्थिर रखने का फैसला किया है। इसके बाद भी बैंकों की फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) ब्याज दरों में कोई बड़ा बदलाव नहीं हुआ है। ऐसे में FD में निवेश करने वाले लोगों के लिए अभी भी अच्छे रिटर्न का मौका बना हुआ है। बैंक अपनी फंडिंग जरूरतों, कर्ज की मांग और बाजार की स्थिति के आधार पर ब्याज दरें तय करते हैं। इसलिए निवेश करने से पहले अलग-अलग बैंकों की FD दरों की तुलना करना जरूरी है।
देश के सबसे बड़े सरकारी बैंक SBI में सामान्य ग्राहकों को FD पर 3.05% से 6.45% तक ब्याज मिल रहा है। वहीं सीनियर सिटीजन को अधिकतम 7.10% तक ब्याज दिया जा रहा है। एक साल की FD पर सामान्य ग्राहकों को 6.25% और सीनियर सिटीजन को 6.75% ब्याज मिल रहा है।
पंजाब नेशनल बैंक (PNB) सामान्य ग्राहकों को 3% से 6.60% तक और सीनियर सिटीजन को 6.90% तक ब्याज दे रहा है। एक साल की FD पर यहां भी 6.25% और सीनियर सिटीजन को 6.75% ब्याज मिल रहा है।
प्राइवेट बैंकों में कितना मिल रहा है ब्याज?
HDFC Bank और ICICI Bank दोनों सामान्य ग्राहकों को 2.75% से 6.60% तक ब्याज दे रहे हैं। वहीं सीनियर सिटीजन को अधिकतम 7.10% तक ब्याज का लाभ मिल सकता है। एक साल की FD पर दोनों बैंकों में सामान्य ग्राहकों के लिए दर 6.25% और सीनियर सिटीजन के लिए 6.75% है।
कोटक महिंद्रा बैंक भी सामान्य ग्राहकों को 6.70% तक और सीनियर सिटीजन को 7.10% तक ब्याज दे रहा है।
बैंक ऑफ बड़ौदा और एक्सिस बैंक की दरें
बैंक ऑफ बड़ौदा सामान्य ग्राहकों को 3.50% से 6.60% तक और सीनियर सिटीजन को 7.10% तक ब्याज दे रहा है। वहीं एक्सिस बैंक में सामान्य ग्राहकों के लिए ब्याज दर 3% से 6.60% और सीनियर सिटीजन के लिए 7.10% तक है।
FD में निवेश करने से पहले केवल बैंक का नाम देखकर फैसला नहीं करना चाहिए। अलग-अलग बैंकों की ब्याज दरों, निवेश का पीरियड और अन्य सुविधाओं की तुलना करना जरूरी है। फिलहाल कई बड़े सरकारी और प्राइवेट बैंक सीनियर सिटीजन को 7% से अधिक ब्याज दे रहे हैं।