निवेश में रिस्क बिल्कुल नहीं लेना चाहते? तो आपके लिए ये हैं रिस्क-फ्री इनवेस्टमेंट ऑप्शंस

कई ऐसे इनवेस्टमेंट ऑप्शंस हैं, जिनमें निवेश में रिस्क नहीं के बराबर है। आम तौर पर लोगों को लगता है कि बैंकों के फिक्स्ड डिपॉजिट में सबसे ज्यादा सुरक्षा है। लेकिन, कई दूसरे इनवेस्टमेंट ऑप्शंस भी हैं, जिनमें निवेश करने में रिस्क नहीं है। म्यूचुअल फंड्स की डेट स्कीम इनमें से एक है

अपडेटेड Mar 20, 2026 पर 9:37 PM
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एक्सपर्ट्स का कहना है कि इनवेस्टमेंट पोर्टपोलियो में सिर्फ शेयरों को शामिल करना बहुत रिस्की है।

शेयर बाजार में आई गिरावट ने उन लोगों को बैचेन कर दिया है, जो फटाफट कमाई की चाह में शेयरों में पैसे लगाते थे। कई निवेशक काफी नुकसान में हैं। अब उन्हें लग रहा है कि शेयर बाजार सिर्फ एक दिशा में नहीं चलता है। कई बार इसकी दिशा बदल भी जाती है। तब उन निवेशकों को भारी नुकसान होता है, जिनके निवेश की अवधि छोटी होती है। अगर आप रिस्क नहीं ले सकते तो आपको शेयरों में निवेश नहीं करना चाहिए।

बैंक एफडी के अलावा भी हैं विकल्प

कई ऐसे इनवेस्टमेंट ऑप्शंस हैं, जिनमें निवेश में रिस्क नहीं के बराबर है। आम तौर पर लोगों को लगता है कि बैंकों के फिक्स्ड डिपॉजिट में सबसे ज्यादा सुरक्षा है। लेकिन, कई दूसरे इनवेस्टमेंट ऑप्शंस भी हैं, जिनमें निवेश करने में रिस्क नहीं है। म्यूचुअल फंड्स की डेट स्कीम इनमें से एक है। डेट फंड निवेशकों के पैसे को सरकार और कंपनियों के बॉन्ड्स या दूसरे फिक्स्ड रिटर्न इंस्ट्रूमेंट्स में लगाते हैं। निवेशकों के पैसे के निवेश करने की जिम्मेदारी डेट फंड मैनेजर की होती है, जिनके पास निवेश का व्यापक अनुभव होता है।


शॉर्ट टर्म के लिए लिक्विड फंड सही है

अगर आप कम समय के लिए निवेश करना चाहते हैं और पैसे की सुरक्षा चाहते हैं तो आप लिक्विड फंड या शॉर्ट ड्यूरेशन फंड में निवेश कर सकते हैं। इन फंड्स की खास बात यह है कि आप चाहे अपना पैसा निकाल सकते हैं। आपका निवेश जल्द आपको बैंक अकाउंट में क्रेडिट हो जाता है। कई इनवेस्टर्स कम अवधि के निवेश के लिए इन ऑप्शंस का इस्तेमाल करते हैं।

हाई रेटिंग वाले एनसीडी में कर सकते हैं निवेश

एनसीडी सुरक्षित निवेश का दूसरा विकल्प है। कंपनियां इनवेस्टर्स से अपने कारोबार के लिए एनसीडी के जरिए पैसे जुटाती हैं। वे एनसीडी पर सालाना इंटरेस्ट देती हैं, जिसके बारे में निवेशक को निवेश से पहले बता दिया जाता है। एनसीडी 5 साल, 10 साल या लंबी अवधि के हो सकते हैं। निवेश की अवधि पूरी होने पर कंपनी मूलधन निवेशक को वापस कर देती हैं। कंपनी के लिए एनसीडी की रेटिंग कराना जरूरी है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि इनवेस्टर्स को हाई रेटिंग वाले एनसीडी में निवेश करना चाहिए।

सीधे सरकारी बॉन्ड्स में भी कर सकते हैं इनवेस्ट

पिछले कुछ सालों में रिटेल इनवेस्टर्स के लिए सरकार के बॉन्ड में निवेश करना आसान हुआ है। कई ऐसे प्लेटफॉर्म हैं, जो इनवेस्टर्स को सरकार के बॉन्ड में निवेश करने की सुविधा देते हैं। इन बॉन्ड्स पर सालाना इंटरेस्ट मिलता है। सरकार के बॉन्ड्स सबसे सुरक्षित माने जाते हैं। एक्सपर्ट्स का कहना है कि इनवेस्टर्स के पोर्टफोलियो में बॉन्ड्स जैसे डेट प्रोडक्ट की हिस्सेदारी होनी चाहिए। इससे पोर्टफोलियो को डायवर्सिफायड बनाने में मदद मिलती है।

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पोर्टफोलियो में सिर्फ शेयरों को शामिल करने में काफी रिस्क

एक्सपर्ट्स का कहना है कि इनवेस्टमेंट पोर्टपोलियो में सिर्फ शेयरों को शामिल करना बहुत रिस्की है। कई निवेशक यह बात तब समझते हैं जब बाजार में वे बड़ी गिरावट देखते हैं। अभी की स्थिति में पोर्टफोलियो में सिर्फ शेयर रखने वाले निवेशक परेशान हैं, क्योंकि उनके पोर्टफोलियो की वैल्यू काफी गिर गई है। जिन निवेशकों का पोर्टफोलियो डायवर्सिफायड है, उन्हें कम नुकसान हुआ है।

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