SBI New Rule: SBI ग्राहकों सावधान! अब एटीएम और ब्रांच से कैश निकालना हुआ महंगा, 1 अक्टूबर से नया नियम

SBI Cash Withdrawal Rules: स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के करोड़ों खाताधारकों के लिए बड़ी खबर है! 1 अक्टूबर से बैंक से कैश निकालना महंगा होने जा रहा है। अब महीने में सिर्फ 4 बार ही मुफ्त नकद निकासी की जा सकेगी। 5वीं बार कैश निकालते ही बैंक आपकी जेब से भारी चार्ज वसूलेगा। क्या यह नियम आपके खाते पर भी लागू होगा? किन ग्राहकों को इस पेनल्टी से पूरी तरह छूट मिली है और कैसे आप इस एक्स्ट्रा चार्ज से बच सकते हैं? जानिए

अपडेटेड Aug 20, 2026 पर 5:47 PM
  • Follow Us On Google
  • Add as a Preferred Source on Google
नए नियम का आपकी जेब पर बड़ा असर पड़ेगा

SBI Cash Withdrawal Rule: देश के सबसे बड़े सरकारी बैंक, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) ने अपने करोड़ों ग्राहकों के लिए कैश निकालने से जुड़े नियमों में बड़ा बदलाव किया है। यह नया नियम 1 अक्टूबर 2026 से लागू होने जा रहा है। अगर आपका भी एसबीआई की बैंक ब्रांच के जरिए खुला बेसिक सेविंग्स बैंक डिपॉजिट(BSBD) यानी जनधन या शून्य बैलेंस वाला बेसिक बचत खाता है, तो यह खबर आपके लिए बेहद जरूरी है।

अब बैंक ब्रांच या एटीएम से तय सीमा से ज्यादा बार कैश निकालने पर बैंक आपसे एक्स्ट्रा चार्ज वसूलेगा। आइए आपको बताते हैं एसबीआई के इस नए नियम का आपकी जेब पर क्या असर पड़ेगा।

1 अक्टूबर से क्या बदल रहा है? जानिए चार्जेस का गणित


एसबीआई द्वारा जारी सार्वजनिक नोटिस के अनुसार, ब्रांच चैनल से खुले BSBD खाताधारकों को हर महीने सीमित बार ही मुफ्त कैश निकालने की सुविधा मिलेगी:

4 फ्री ट्रांजैक्शन: खाताधारक एक महीने में 4 बार तक बिना किसी शुल्क के कैश निकाल सकेंगे चाहे वो एटीएम से हो या ब्रांच से।

5वीं बार से लगेगा जुर्माना: महीने में 4 बार से ज्यादा कैश निकालने पर ₹15 + GST (18%) प्रति ट्रांजैक्शन का शुल्क देना होगा।

नए नियम के तहत अगर आप महीने में 5 बार कैश निकालते हैं, तो शुरुआत के 4 ट्रांजैक्शन फ्री रहेंगे, लेकिन 5वें ट्रांजैक्शन पर आपको ₹15 प्लस जीएसटी (लगभग ₹17.70) का चार्ज देना पड़ेगा। इसी तरह 6वीं बार निकालने पर फिर से ₹15 प्लस जीएसटी कटेगा।

क्या डिजिटल पेमेंट्स (UPI) पर भी लगेगा चार्ज?

अगर आप नकद निकालने के बजाय ऑनलाइन लेनदेन ज्यादा करते हैं, तो आपके लिए राहत की बात है। एसबीआई ने साफ किया है कि डिजिटल पेमेंट्स पर इस नियम का कोई असर नहीं पड़ेगा।

यूपीआई (UPI), इंटरनेट बैंकिंग, मोबाइल बैंकिंग या एनईएफटी/आरटीजीएस के जरिए किए गए ऑनलाइन पेमेंट्स पहले की तरह पूरी तरह फ्री और अनलिमिटेड रहेंगे। आप महीने में कितनी भी बार डिजिटल मोड से पैसा ट्रांसफर करें या शॉपिंग करें, उस पर ₹15 का कोई अतिरिक्त चार्ज नहीं लगेगा।

क्या होता है बेसिक सेविंग्स बैंक डिपॉजिट(BSBD) अकाउंट?

BSBD अकाउंट एक खास तरह का बचत खाता होता है, जिसे मुख्य रूप से समाज के हर वर्ग तक बैंकिंग सेवाएं पहुंचाने के लिए शुरू किया गया था। इसमें मिनिमम बैलेंस रखने की कोई बाध्यता नहीं होती है। इस खाते में आमतौर पर आम बचत खातों जैसी ही बुनियादी सुविधाएं मिलती हैं, लेकिन इसमें फ्री कैश ट्रांजैक्शन की सीमा तय होती है।

एसबीआई ग्राहकों के लिए काम की सलाह

1 अक्टूबर 2026 के बाद अगर आप ब्रांच से कैश निकाल रहे हैं, तो अपने महीने के 4 फ्री ट्रांजैक्शन का हिसाब रखें ताकि अनचाहे चार्ज से बच सकें। कैश निकालने के बजाय ज्यादा से ज्यादा यूपीआई या कार्ड से पेमेंट करें, जिससे आपको कोई एक्सट्रा चार्ज न देना पड़े।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।