दिसंबर महीने में कुछ अहम बदलावों का असर सीधा आपके जीवन पर पड़ेगा, आपकी जेब पर पड़ेगा। मोबाइल कॉल दरों से लेकर आपकी बीमा पॉलिसी तक महंगी हो जाएगी। ATM से नगद निकालना भी जेब ढीली कर सकता है। सीएनबीसी-आवाज़ के खास शो योर मनी में इस पर चर्चा करने के लिए AnandRathi Wealth Management के डिप्टी CEO फिरोज अजीज जुड़ गये हैं।
पहले जानते हैं दिसंबर से होने वाले जरूरी बदलाव के बारे में
1. ज्यादा चुकाना होगा मोबाइल बिल
दिसंबर से कॉल दरें महंगी हो जाएंगी
प्रीपेड मोबाइल से कॉल 40 प्रतिशत तक महंगा हो जायेगा
Vodafone, Airtel ने दरें बढ़ाने का एलान किया है
दोनों का अब मिनिमम रिचार्ज ₹49 का होगा
पहले मिनिमम रिचार्ज ₹35 का होता था
एक से ज्यादा सिम रखना महंगा होगा
RIL JIO 6 दिसंबर को प्लान लॉन्च करेगा
2. बीमा पॉलिसी हो जाएगी महंगी
दिसंबर से बीमा पॉलिसी का प्रीमियम 15 प्रतिशत तक महंगा हो सकता है। हालांकि 1 दिसंबर 2019 से पहले बेची गई पॉलिसी पर इसका असर नहीं होगा।पॉलिसी बीच में बंद होने पर 5 साल में रिन्यू की जा सकती है। अभी 2 साल के भीतर रिन्यू करना होता है
3. बदले ATM से निकासी के नियम
1 दिसंबर से IDBI Bank के नियम बदलेंगे
दूसरे ATM से ट्रांजैक्शन फेल तो 20 रुपये कटेंगे
कम बैलेंस पर ट्रांजैक्शन फेल तो 20 रुपये कटेंगे
4. 24 घंटे कर सकेंगे NEFT
1 दिसंबर से 24 घंटे NEFT की सुविधा मिलेगी
अभी 8 AM से 7 PM तक NEFT सुविधा उपलब्ध है
इसके अलावा जनवरी से NEFT पर कोई शुल्क भी नहीं लगेगा
सवालः मेरी उम्र 25 साल है। मुझे 15-20 साल के लिए निवेश पोर्टफोलियो बनाना है।
मेरा निवेश 5,000 रुपये प्रति माह है
SBI Magnum MidCap Fund
HDFC Mid-Cap Opportunities Fund
ICICI Prudential Bluechip Fund
L&T Emerging Businesses Fund
फिरोज अजीज की सलाहः पोर्टफोलियो में 3 फंड मिडकैप, स्मॉलकैप कैटेगरी के हैं। आपको बैलेंस्ड पोर्टफोलियो बनाने की सलाह है। पोर्टफोलियो में लार्जकैप, मल्टीकैप, मिडकैप फंड होना चाहिए। मिडकैप, स्मॉलकैप से ज्यादा जोखिम का डर रहता है। इन सभी फंड में से निकासी कर सकते हैं।
आप अपने पोर्टफोलियो में ये फंड जोड़ें
Mirae Asset Large-cap
Kotak Standard Multi-cap
L&T Mid-cap
SBI Focused Equity
सवालः लिक्विड फंड से इक्विटी फंड में STP करने पर LTCG, STCG टैक्स कैसे लगता है? क्या LTCG, STCG टैक्स में कोई अंतर है और क्या एक ही AMC के डेट और इक्विटी फंड हों तो टैक्सेस के पेंच कितने अलग होते हैं।
फिरोज अजीज की सलाहः लिक्विड फंड एक डेट फंड होता है। डेट फंड में 3 साल तक रूकने पर LTCG टैक्स लगता है। 3 साल से पहले निकलने पर STCG टैक्स लगता है। STCG टैक्स आपके टैक्स स्लैब के अनुसार लगेगा। जबकि LTCG टैक्स 20 प्रतिशत पर, इंडेक्सेशन के साथ लगता है। इसके साथ ही सरचार्ज और सेस भी लागू रहता है।
सोशल मीडिया अपडेट्स के लिए हमें Facebook (https://www.facebook.com/moneycontrolhindi/) और Twitter (https://twitter.com/MoneycontrolH) पर फॉलो करें।
