Happiest Minds के MD & CFO वेंकटरामन नारायणन (Venkatraman Narayanan) और कंपनी के President & CEO (DBS) राजीव शाह ने सीएनबीसी-आवाज के साथ हुआ खास बातचीत में कहा कि US में महंगाई बढ़ने से वेतन बढ़ोतरी का दबाव है। रूस-यूक्रेन वॉर से भी कारोबार पर असर पड़ा है। ईस्ट यूरोप के कारोबार को भारत में शिफ्ट कर रहे हैं। ये कारोबार भारत में शिफ्ट करने से लागत कम होगी। रुपये में कमजोरी का पॉजिटिव असर देखने को मिल रहा है। ऑफशोर का कारोबार बढ़ने से भी कंपनी के फायदा मिल रहा है।
हमें दुनिया के कई देशों में इकोनॉमी खुलने से फायदा हुआ है। अब कोरोना का असर काफी कम हो गया है। कंपनियों के लिए डिजिटल प्लैटफॉर्म पर जाना मजबूरी है। कंपनी प्रबंधन ने इस बातचीत में आगे कहा कि रिटेल, हाईटेक, मैन्युफैक्चरिंग में डिजिटल पर खर्च बढ़ा है। मांग बेहतर रहने से महंगाई बढ़ने का ज्यादा असर नहीं होगा।
IT सेक्टर में कंज्यूमर डिमांड काफी मजबूत है। कंज्यूमर गुड्स पर महंगाई का ज्यादा असर देखने को नहीं मिला है। सभी कंपनियां डिजिटाइजेशन पर फोकस कर रही हैं। लॉजिस्टिक से लेकर सप्लाई के लिए डिजिटल पर फोकस बढ़ा है। मजबूत डिमांड से महंगाई बढ़ने का ज्यादा असर नहीं होगा। आईटी सेक्टर को डॉलर के मुकाबले रुपये में कमजोरी का फायदा मिल रहा है। मार्जिन मौजूदा स्तर पर बरकरार रहेंगे।
फिलहाल एनएसी पर Happiest Minds के शेयर 11.15 अंक यानी 1.03 फीसदी की कमजोरी के साथ 1068 रुपए के आसपास दिख रहे हैं। आज का इस शेयर निचला स्तर 1064.15 रुपए और दिन का हाई 1092 रुपए 70 पैसे है। इस शेयर का 52 वीक हाई 1580 रुपए और 52 वीक लो 523.10 रुपए है। स्टॉक का वॉल्यूम 146638 है। कंपनी का मार्केट कैप 15667 करोड़ रुपए है। आज ये शेयर 1085 रुपए पर खुला था जबकि कल ये 1078.15 के स्तर पर बंद हुआ था।