Budh Purnima 2026: बुद्ध पूर्णिमा का दिन भगवान बुद्ध के जीवन और उनके उपदेशों को समर्पित होता है। माना जाता है कि इस दिन उनका जन्म हुआ था, इसलिए इस दिन को महात्मा बुद्ध जयंति के रूप में भी मनाया जाता है। इसके अलावा यही वो दिन है, जब उन्हें ज्ञान की प्राप्ति हुई थी और उन्होंने देह त्याग भी इसी दिन किया था। यही वजह है कि बौद्ध धर्म के अनुयायियों के लिए इस दिन का विशेष महत्व है।
बुद्ध पूर्णिमा वैशाख पूर्णिमा के दिन मनाई जाती है। इस साल यह पर्व आज 01 मई, 2026, शुक्रवार को मनाया जा रहा है। यह दिन लोगों को शांति, करुणा और सादगी का संदेश देता है। इस दिन लोग स्नान, पूजा-पाठ और ध्यान-आध्यात्म के साथ-साथ जरूरतमंदों को दान-पुण्य भी करते हैं। माना जाता है, ऐसा करने से जीवन में नकारात्मकता खत्म होती है और खुशहाली और समृद्धि आती है।
पंचांग के अनुसार पूर्णिमा तिथि की शुरुआत 30 अप्रैल 2026 की रात करीब 9:13 बजे से होगी। इसका समापन 1 मई 2026 की रात लगभग 10:52 बजे होगा। उदया तिथि के आधार पर 1 मई को ही बुद्ध पूर्णिमा मनाई जाएगी।
बुद्ध पूर्णिमा शुभ मुहूर्त
भगवान बुद्ध के उपदेश आज भी लोगों को मानसिक शांति और संतुलित जीवन जीने की राह दिखाते हैं। इसलिए बुद्ध पूर्णिमा महज धार्मिक पर्व जीवन को सही दिशा देने वाला दिन भी माना जाता है। यह दिन हमें शांति, करुणा, अहिंसा और सत्यता अपनाने की प्रेरणा देता है।
बुद्ध पूर्णिमा पर करें इन चीजों का दान
बुद्ध पूर्णिमा के दिन दान-पुण्य करने से घर में सुख-समृद्धि बनी रहती है। इस दिन अन्न (चावल, गेहूं), पका हुआ भोजन और फल दान करना शुभ माना जाता है।
बुद्ध पूर्णिमा के आसपास विकट गर्मी होती है। इसलिए जल से भरे घड़े, शरबत, ठंडे पेय या राहगीरों को पानी पिलाना पुण्यदायी माना जाता है।
गर्मी के मौसम को देखते हुए कई लोग इस दिन जरूरतमंदों को हल्के सूती कपड़े भी दान करते हैं। इस दिन छाता, चप्पल या पंखा भी दान कर सकते हैं।
माना जाता है कि इस दिन गुड़, शक्कर, खीर या मीठा भोजन दान करने से जीवन में सुख-शांति और मिठास बनी रहती है।