Solar Eclipse Feb 2026: 4.30 घंटे से ज्यादा लंबा होगा 17 फरवरी को लग रहा वलयाकार सूर्य ग्रहण, 64 साल बाद दुर्लभ संयोग में ग्रहण

Solar Eclipse Feb 2026: 17 फरवरी 2026 को साल 2026 का पहला सूर्य ग्रहण होगा। साल का पहला सूर्य ग्रहण 4.30 घंटे से ज्यादा समय तक रहेगा। इस ग्रहण पर ग्रह और नक्षत्रों का दुर्लभ संयोग 64 साल बाद बन रहा है। आइए जानें इन दिन ग्रह-नक्षत्रों की स्थिति क्या रहेगी

अपडेटेड Feb 14, 2026 पर 4:48 PM
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यह ग्रहण फाल्गुन मास की अमावस्या के दिन लग रहा है।

Solar Eclipse Feb 2026: फरवरी का महीना चल रहा है, इसमें एक ऐसी खगोलीय घटना होने वाली है जो खूबसूरत होने के साथ-साथ दुर्लभ भी होगी। ये खगोलीय घटना है एक वलयाकार सूर्य ग्रहण, जो 17 फरवरी को लगेगा। सूर्य ग्रहण तब लगता है, जब सूरज और पृथ्वी के बीच चंद्रमा आ जाता है। यह दुर्लभ घटना अमावस्या तिथि के दिन होती है। इस साल का पहला सूर्य ग्रहण सिर्फ खगोल विशेषेषज्ञों के लिए ही खास नहीं है, ये ज्योतिष विशेषज्ञों के लिए भी बहुत खास है। हालांकि, धार्मिक दृष्ट से ये ग्रहण बहुत महत्वपूर्ण नहीं है क्योंकि ये भारत में नजर नहीं आएगा। इसलिए इसका सूतक काल माना नहीं जाएगा।

साल का पहला सूर्य ग्रहण

साल 2026 का पहला सूर्य ग्रहण मंगलवार, 17 फरवरी 2026 को लगेगा। इस ग्रहण की अवधि 4 घंटे 32 मिनट की होगी। ये ग्रहण दोपहर 3 बजकर 26 मिनट से शुरू होकर शाम 7 बजकर 57 मिनट तक रहेगा। सूर्य ग्रहण शाम 5:42 बजे चरम पर होगा। दो मिनट 20 सेकेंड तक पीक पर रहेगा, जब दुनियाभर के विभिन्न देशों में लोग आसमान में सूर्य को रिंग ऑफ फायर की तरह देख सकेंगे। इसके बाद ग्रहण कम होना शुरू हो जाएगा।

64 साल बाद ऐसा योग बन रहा है

यह ग्रहण फाल्गुन मास की अमावस्या के दिन लग रहा है। इस सूर्य ग्रहण पर 64 वर्षों में दुर्लभ संयोग बन रहा है। ज्योतिष विशेषज्ञों के अनुसार, ये ग्रहण शनि की राशि कुंभ में लगेगा। ज्योतिष के हिसाब से ये ग्रहण बेहद खास है, क्योंकि इस दौरान सूर्य कुंभ राशि में राहु के साथ युति में रहेगा और चंद्रमा शतभिषा नक्षत्र में होंगे। आखिरी बार 1962 में हुआ था। ये योग असर को और गहरा बना देता है।

इन लोगों के लिए खास होगा ग्रहण


ज्योतिष मान्यताओं के अनुसार, जब अमावस्या मंगलवार को हो और चंद्रमा शतभिषा नक्षत्र में, तब ये संयोग कला, लेखन, साधना और अध्यात्म के लिए काफी शुभ माना जाता है। 64 साल बाद ऐसा योग बन रहा है। इस बार भी सूर्य और राहु कुंभ में, और चंद्रमा शतभिषा नक्षत्र में रहेगा।

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