भारत और अफगानिस्तान के बीच खेले गए एकमात्र टेस्ट में भारत ने अफगानिस्तान को पारी और 300 रन से मात दी है। ये जीत ऐसे समय पर आई है जब भारतीय टीम का घरेलू प्रदर्शन पहले जितना मजबूत नहीं रहा है। इसी बीच पूर्व कप्तान सुनील गावस्कर ने कहा कि टीम को हर बार बदलाव के दौर का बहाना देने के बजाय अपने खेल को बेहतर बनाने पर ध्यान देना चाहिए। उनका मानना है कि भारतीय बल्लेबाजों को अपनी बल्लेबाजी में सुधार करना होगा, क्योंकि टीम की सफलता काफी हद तक बल्लेबाजों के प्रदर्शन पर निर्भर करती है।
सुनील गावस्कर ने भारतीय टीम की मौजूदा स्थिति को लेकर अपनी अलग राय रखी है। उनकी सोच कुछ मामलों में मुख्य कोच गौतम गंभीर और कप्तान शुभमन गिल के विचारों से अलग दिखाई देती है। भारतीय टीम को आगे विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के तहत श्रीलंका, न्यूजीलैंड और ऑस्ट्रेलिया जैसी मजबूत टीमों के खिलाफ अहम सीरीज खेलनी हैं।
JioHotstar से बात करते हुए सुनील गावस्कर ने कहा, "मुझे लगता है कि अब टीम को हर समय बदलाव के दौर में बताने के बजाय टेस्ट क्रिकेट में बेहतर प्रदर्शन पर ध्यान देना चाहिए। हर टीम रिटायरमेंट, खिलाड़ियों में बदलाव और बदलाव के दौर से गुजरती है, लेकिन परफॉर्मेंस पर ही जोर देना होगा।। भारत के हालिया टेस्ट नतीजों को देखें तो गेंदबाजी से ज्यादा बल्लेबाजी चिंता का विषय रही है।"
भारत के बल्लेबाजी में दिखी कमी
न्यूजीलैंड और दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ घरेलू टेस्ट मैचों में बल्लेबाजी के प्रदर्शन पर बात करते हुए गावस्कर ने कहा, "गेंदबाजों ने ज्यादातर मौकों पर अपना काम अच्छी तरह किया है, लेकिन बल्लेबाजों को अधिक अनुशासन और मजबूत तकनीक दिखाने की जरूरत है, खासकर चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में।" उन्होंने आगे कहा, "कई बार टी20 क्रिकेट की सोच हावी हो जाती है, जहां कुछ डॉट गेंदों के बाद धैर्य बनाए रखना मुश्किल हो जाता है और खिलाड़ी गलत शॉट खेल बैठते हैं। लेकिन टेस्ट क्रिकेट की मांग बिल्कुल अलग होती है। भारत को आगे अपनी बल्लेबाजी प्रक्रिया को बेहतर बनाने, बड़ी पारियां खेलने और हर नतीजे को बदलाव के दौर से जोड़कर देखने के बजाय मौजूदा प्रदर्शन पर ध्यान देने की जरूरत है।"
WTC में 6वें नंबर पर भारत
भारतीय टीम इस समय वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप की अंक तालिका में छठे स्थान पर है और उसने अब तक खेले गए नौ टेस्ट मैचों में केवल चार जीत दर्ज की हैं। पूर्व क्रिकेटर सुनील गावस्कर की चिंता इस बात को लेकर है कि हाल के समय में भारत का घरेलू प्रदर्शन पहले जैसा मजबूत नहीं दिखा है। पिछले कुछ वर्षों में टीम को अपने घर में भी निराशाजनक नतीजों का सामना करना पड़ा, जिसमें मजबूत विरोधी टीमों के खिलाफ सीरीज हार भी शामिल हैं। ऐसे नतीजों ने भारत की लंबे समय से चली आ रही घरेलू दबदबे वाली छवि को झटका दिया है और टीम के प्रदर्शन को लेकर सवाल खड़े किए हैं।
हाल के समय में भारतीय टेस्ट टीम में हुए बदलावों को लेकर काफी चर्चा हो रही है, खासकर विराट कोहली, रोहित शर्मा और रविचंद्रन अश्विन जैसे अनुभवी खिलाड़ियों के संन्यास के बाद। हालांकि, सुनील गावस्कर का मानना है कि टीम के प्रदर्शन को सिर्फ इन बदलावों से जोड़कर देखना सही नहीं होगा। उनके अनुसार, युवा कप्तान शुभमन गिल की अगुआई में टीम ने कुछ अच्छे संकेत भी दिए हैं। भारत ने पिछले साल इंग्लैंड दौरे पर कड़ी टक्कर देते हुए सीरीज बराबरी पर खत्म की थी, लेकिन दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर पाया।