सोविनियर के नाम पर एक चीज लेनी हो तो हर स्टेट से ये लाएं, पूरा इंडिया घूमे बिना इंडिया लाएं!
हर राज्य सिर्फ एक जगह नहीं, बल्कि अपनी अलग पहचान, संस्कृति और कला की एक खूबसूरत कहानी है। जब आप वहां जाएं, तो सिर्फ घूमकर वापस न आएं—बल्कि वहां की एक खास याद अपने साथ ज़रूर लाएं। सोचिए, जब आप अपने घर में उन चीज़ों को देखेंगे, तो हर बार आपको उस सफर की यादें, वहां की गलियां, स्वाद और एक्सपीरियंस फिर से जीने का मौका मिलेगा। यही कारण है कि हर राज्य से एक छोटी-सी चीज़ भी आपको पूरे भारत की खूबसूरती से जोड़ देती है।
MoneyControl Newsअपडेटेड Jun 19, 2026 पर 8:00 AM
अगर आप हर राज्य से सिर्फ एक खास सोविनियर लेना चाहते हैं, तो यह आइडिया आपको बिना पूरा भारत घूमे “पूरा इंडिया साथ ले जाने” जैसा एक्सपीरियंस देगा। हर राज्य की अपनी अलग पहचान होती है, जो उसकी कला और संस्कृति में दिखती है, यहां हम कुछ ऐसे खास सोविनियर के बारे में बता रहे हैं जो हर राज्य की यादगार और अनोखी पहचान माने जाते हैं:
राजस्थान
राजस्थान से आप सबसे खास ब्लू पॉटरी या मिनिएचर पेंटिंग ले सकते हैं, जो आपको जयपुर के जोहरी बाजार और बापू बाजार में आसानी से मिल जाएगी, इसकी कीमत लगभग ₹200 से ₹1500 तक होती है और यह राजस्थान की कला और शाही संस्कृति को दर्शाती है।
उत्तर प्रदेश
उत्तर प्रदेश से आप ताजमहल की मिनिएचर मार्बल क्राफ्ट या पीतल की मूर्तियां ले सकते हैं, जो आगरा और लखनऊ के बाजारों में मिलती हैं, इनकी कीमत ₹150 से ₹2000 तक होती है और यह मुगल कला का प्रतीक मानी जाती है।
गुजरात
गुजरात से आप कच्छ की कढ़ाई (Kutchi Embroidery) या बांधनी दुपट्टा खरीद सकते हैं, जो अहमदाबाद और कच्छ के लोकल बाजारों में मिल जाता है, इसकी कीमत ₹200 से ₹2000 तक होती है और यह रंग-बिरंगी गुजराती संस्कृति को दिखाता है।
महाराष्ट्र
महाराष्ट्र से आप कोल्हापुरी चप्पल या वारली पेंटिंग ले सकते हैं, जो मुंबई और पुणे के लोकल बाजारों में आसानी से मिल जाती है, इसकी कीमत ₹300 से ₹2500 तक होती है और यह महाराष्ट्र की ट्रेडिशनल पहचान है।
कर्नाटक
कर्नाटक से आप मैसूर सिल्क साड़ी या चंदन की लकड़ी की नक्काशी खरीद सकते हैं, जो मैसूर और बेंगलुरु में मिलती है, इसकी कीमत ₹500 से ₹5000 तक होती है और यह दक्षिण भारत की शाही पहचान है।
केरल
केरल से आप हाउसबोट मॉडल या आयुर्वेदिक प्रोडक्ट्स ले सकते हैं, जो कोच्चि और अल्लेप्पी के बाजारों में मिलते हैं, इनकी कीमत ₹200 से ₹2000 तक होती है और यह केरल की नेचुरल लाइफस्टाइल को दिखाता है।
तमिलनाडु
तमिलनाडु से आप तंजौर पेंटिंग या ब्रॉन्ज़ मूर्ति खरीद सकते हैं, जो चेन्नई और मदुरै में मिलती है, इसकी कीमत ₹300 से ₹3000 तक होती है और यह दक्षिण भारत की धार्मिक कला को दर्शाती है।
पश्चिम बंगाल
पश्चिम बंगाल से आप कांथा स्टिच साड़ी या टेराकोटा आर्ट ले सकते हैं, जो कोलकाता के न्यू मार्केट और हस्तकला केंद्रों में मिलती है, इसकी कीमत ₹200 से ₹2500 तक होती है और यह बंगाल की कला और संस्कृति को दिखाता है।
पंजाब
पंजाब से आप फुलकारी दुपट्टा या पारंपरिक जूती खरीद सकते हैं, जो अमृतसर और लुधियाना के बाजारों में मिलती है, इसकी कीमत ₹200 से ₹2000 तक होती है और यह पंजाबी संस्कृति की रंगीन पहचान है।
हिमाचल प्रदेश
हिमाचल प्रदेश से आप ऊनी शॉल या किन्नौरी कैप ले सकते हैं, जो शिमला और मनाली के लोकल बाजारों में मिलती है, इसकी कीमत ₹300 से ₹3000 तक होती है और यह पहाड़ी जीवन का प्रतीक है।
गोवा
गोवा से आप सी शेल क्राफ्ट या बीच थीम की हैंडक्राफ्ट चीजें ले सकते हैं, जो अंजुना और मापुसा मार्केट में मिलती हैं, इनकी कीमत ₹150 से ₹1500 तक होती है और यह गोवा की बीच लाइफ को दर्शाती हैं।
राजस्थान
राजस्थान से आप लेदर हैंडीक्राफ्ट बैग्स या जूतियां भी ले सकते हैं, जो जयपुर बाजार में आसानी से मिलती हैं और ₹300 से ₹2500 तक में मिल जाती हैं, यह राजस्थान की शाही हस्तकला को दर्शाती हैं।
उत्तराखंड
उत्तराखंड से आप रुद्राक्ष माला या लकड़ी की हस्तकला ले सकते हैं, जो ऋषिकेश और हरिद्वार में मिलती है, इसकी कीमत ₹100 से ₹2000 तक होती है और यह आध्यात्मिकता और नेचर दोनों का प्रतीक है।
अगर आप हर राज्य से एक-एक सोविनियर ले लें, तो आप बिना पूरा भारत घूमे भी भारत की कला, संस्कृति और पहचान अपने घर में सजा सकते हैं। यह न सिर्फ यादें बनाता है बल्कि हर जगह की कहानी भी अपने साथ ले आता है। तो अब जब भी आप इन राज्यों की विजिट पर जाएं, तो वहां की ये खास चीज़ें अपने साथ ज़रूर लेकर आएं।