Get App

ट्रंप ने गाजा 'बोर्ड ऑफ पीस' का हिस्सा बनने के लिए अब पुतिन को भेजा न्योता, पीएम मोदी को भी कर चुके हैं आमंत्रित

Gaza Board of Peace: क्रेमलिन ने सोमवार (19 जनवरी) को बताया कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को 'गाजा पीस बोर्'ड में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया है। इसका मकसद युद्ध के बाद गाजा में शासन और पुनर्निर्माण की देखरेख करना है। ट्रंप ने पीएम मोदी को भी न्योता भेजा है

Akhilesh Nath Tripathiअपडेटेड Jan 19, 2026 पर 5:04 PM
ट्रंप ने गाजा 'बोर्ड ऑफ पीस' का हिस्सा बनने के लिए अब पुतिन को भेजा न्योता, पीएम मोदी को भी कर चुके हैं आमंत्रित
Gaza Board of Peace: रूस को पश्चिम देशों ने डिप्लोमैटिक तौर पर काफी हद तक अलग-थलग कर दिया है

Gaza Board of Peace: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गाजा 'बोर्ड ऑफ पीस' में शामिल होने के लिए रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को न्योता भेजा है। मॉस्को फिलहाल इस प्रस्ताव पर विचार कर रहा है। रूस इस बारे में वॉशिंगटन से बातचीत की उम्मीद कर रहा है। क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने पत्रकारों को यह जानकारी दी।

रूसी न्यूज एजेंसी 'तास' की अनुसार एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा, "राष्ट्रपति पुतिन को कूटनीतिक माध्यमों से इस बोर्ड ऑफ पीस में शामिल होने का ऑफर मिला है। हम अभी इस प्रस्ताव का बारीकी से अध्ययन कर रहे हैं।" उन्होंने आगे कहा, "हम सभी विषयों पर स्पष्टता के लिए अमेरिकी पक्ष से संपर्क करने की उम्मीद करते हैं।"

ऐसा कहा जा रहा है कि यह परिषद शांति योजना के दूसरे चरण के दौरान काम करना शुरू कर देगी। पहला चरण संपन्न हो चुका है। इसके लिए अक्टूबर 2025 में इजरायल और हमास के बीच मिस्र, कतर, अमेरिका और तुर्की ने मध्यस्थता की थी। यूक्रेन पर हमले के बाद से रूस को पश्चिम देशों ने डिप्लोमैटिक तौर पर काफी हद तक अलग-थलग कर दिया है।

बोर्ड ऑफ पीस, गाजा के लिए एक अम्ब्रेला ओवरसाइट बॉडी के तौर पर काम करेगा। इसकी अध्यक्षता खुद ट्रंप करेंगे। उसमें विभिन्न देशों के राष्ट्राध्यक्ष शामिल होंगे। मिडिल ईस्ट और दुनिया भर के कई देशों के नेताओं को इसके लिए न्योता भेजा गया है। भारत भी इसमें शामिल है।

सब समाचार

+ और भी पढ़ें