"सुधर जाओ, वरना फिर से सिर पर गिराएंगे बम"! G7 समिट में ईरान पर भड़के डोनाल्ड ट्रंप, डील से पहले दी खुली चेतावनी

यह तीखी चेतावनी ऐसे समय में आई है, जब दोनों देश पश्चिमी एशिया (Middle East) में जारी युद्ध को खत्म करने के लिए राजी हो चुके हैं। इसी शुक्रवार को स्विट्जरलैंड के जिनेवा में दोनों देशों के बीच एक समझौते (MoU) पर दस्तखत होने वाले हैं। लेकिन ट्रंप ने साफ कर दिया है कि यह समझौता अभी फाइनल नहीं है

अपडेटेड Jun 17, 2026 पर 5:29 PM
G7 समिट में ईरान पर भड़के डोनाल्ड ट्रंप, डील से पहले दी खुली चेतावनी

फ्रांस के एवियान शहर में चल रहे G7 शिखर सम्मेलन (G7 Summit) से एक बड़ी खबर आ रही है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को लेकर बेहद सख्त और कड़े तेवर दिखाए हैं। ट्रंप ने साफ शब्दों में चेतावनी दी है कि अगर ईरान ने अपना रवैया नहीं सुधारा, तो अमेरिका एक बार फिर उस पर बम बरसाना शुरू कर देगा।

यह तीखी चेतावनी ऐसे समय में आई है, जब दोनों देश पश्चिमी एशिया (Middle East) में जारी युद्ध को खत्म करने के लिए राजी हो चुके हैं। इसी शुक्रवार को स्विट्जरलैंड के जिनेवा में दोनों देशों के बीच एक समझौते (MoU) पर दस्तखत होने वाले हैं। लेकिन ट्रंप ने साफ कर दिया है कि यह समझौता अभी फाइनल नहीं है।

ट्रंप ने अपने ही अंदाज में कहा, "यह सिर्फ एक समझौता (MoU) है। अगर मुझे यह पसंद नहीं आया, तो हम फिर से उन पर गोलियां चलाना और उनके सिर पर बम गिराना शुरू कर देंगे। अगर वे ढंग से बर्ताव नहीं करेंगे, तो मुझे यह बिल्कुल पसंद नहीं आएगा। हम सीधे उनके सिर के ठीक बीचों-बीच बम गिराने के लिए वापस लौट आएंगे।"


'यह डील कई मायनों में अच्छी है'

हालांकि, ईरान को घुड़की देने के साथ-साथ राष्ट्रपति ट्रंप ने इस होने वाले समझौते की तारीफ भी की। उन्होंने कहा कि यह समझौता कई मायनों में अच्छा है, सबसे खास बात यह कि यह ईरान को परमाणु हथियार बनाने से रोकेगा। ट्रंप हमेशा से यह मांग करते रहे हैं कि ईरान के पास परमाणु हथियार नहीं होने चाहिए।

ट्रंप ने इस समझौते के फायदे गिनाते हुए कहा:

सस्ता होगा पेट्रोल-डीजल: इस समझौते की खबर से ही शेयर बाजार का ग्राफ ऊपर जा रहा है और फ्यूल की कीमतें नीचे आ रही हैं।

खुल जाएगा समुद्री रास्ता: समझौता साइन होने के अगले दो दिनों के भीतर 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' (Strait of Hormuz) को पूरी तरह से दोबारा खोल दिया जाएगा।

अमेरिका नहीं देगा एक भी पैसा: ट्रंप ने साफ किया कि इस समझौते के तहत वॉशिंगटन (अमेरिका) ईरान को कोई पैसा नहीं दे रहा है। हालांकि, उन्होंने किसी तीसरे देश के निवेश किए जाने की संभावना से इनकार नहीं किया।

ओबामा पर साधा निशाना: "ईरान ने उन्हें धोखा दिया"

ट्रंप ने इस मौके पर अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा पर भी जमकर भड़ास निकाली। ओबामा के कार्यकाल में हुए मशहूर ईरान न्यूक्लियर डील (JCPOA) का जिक्र करते हुए ट्रंप ने दावा किया, "ईरानियों ने ओबामा को धोखा दिया था और उनसे अरबों डॉलर ऐंठ लिए थे।"

बता दें कि ट्रंप शुरू से ही ओबामा की इस न्यूक्लियर डील के खिलाफ रहे हैं। यही वजह थी कि जब वे पहली बार राष्ट्रपति बने थे, तो उन्होंने 2018 में अमेरिका को इस डील से बाहर कर लिया था।

क्या है इस अमेरिका-ईरान डील में?

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस नए समझौते (MoU) में मुख्य रूप से ये बातें शामिल हैं:

व्यापार का रास्ता खुलेगा: 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' को तुरंत खोला जाएगा। यह दुनिया का वो बेहद महत्वपूर्ण समुद्री रास्ता है जहां से दुनिया का लगभग 20% (पांचवा हिस्सा) तेल और गैस का व्यापार होता है।

पाबंदियां हटेंगी: इसके बदले में ईरान पर लगे अमेरिकी और संयुक्त राष्ट्र (UN) के कड़े प्रतिबंधों को हटाने का रास्ता साफ होगा।

परमाणु हथियारों पर रोक: ईरान वादा करेगा कि वह परमाणु हथियार नहीं बनाएगा।

60 दिनों का सीजफायर: दोनों पक्ष 60 दिनों के लिए युद्धविराम बढ़ाने पर सहमत हुए हैं, ताकि शांति से आगे की बातचीत हो सके।

हर मोर्चे पर जंग का खात्मा: इस डील का फोकस लेबनान सहित सभी मोर्चों पर दुश्मनी और लड़ाई को पूरी तरह खत्म करना है, जिसकी मांग ईरान लगातार कर रहा था।

US Iran News: शांति समझौते को खामेनेई ने दिखाया ठेंगा! ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट में कमर्शियल जहाजों पर किया ड्रोन हमला, अमेरिका का पलटवार

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।