ईरान और इजराइल के बीच तनाव चरम पर पहुंच गया है। दोनों देश एक दूसरे पर लगातार हमले कर रहे हैं। इसी बीच ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने रविवार को दावा किया कि, देश के सुप्रीम लीडर की मौत के बाद उन्होंने खाड़ी क्षेत्र में मौजूद अमेरिकी एयरक्राफ्ट कैरियर USS अब्राहम लिंकन को निशाना बनाया है। यह हमला अमेरिका और इजरायल द्वारा किए गए सैन्य हमलों के जवाब में बताया जा रहा है। द टाइम्स ऑफ इजरायल की रिपोर्ट के अनुसार, रिवोल्यूशनरी गार्ड्स के बयान में कहा गया कि अमेरिकी एयरक्राफ्ट कैरियर अब्राहम लिंकन पर चार बैलिस्टिक मिसाइलें दागी गईं। साथ ही ईरान की ओर से चेतावनी दी गई कि आने वाले समय में जमीन और समुद्र दोनों ही हमलावरों के लिए खतरनाक साबित होंगे।
बता दें कि, USS अब्राहम लिंकन अमेरिका के एटमिक एनर्जी से चलने वाले एयरक्राफ्ट कैरियर में से एक है। अमेरिकी नौसेना इसे दुनिया के सबसे बड़े एयरक्राफ्ट में शामिल मानती है। इस एयरक्राफ्ट कैरियर को जनवरी के आखिर में खाड़ी क्षेत्र में तैनात किया गया था। उस समय अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इसे एक बड़ा सैन्य बेड़ा यानी “आर्मडा” बताया था। बढ़ते तनाव और ईरान की संभावित कार्रवाई को देखते हुए इसे इलाके में भेजा गया था। रविवार को जारी बयान में ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने कहा कि अब सैन्य संघर्ष एक नए चरण में पहुंच चुका है। संगठन के अनुसार, आने वाले समय में जमीन और समुद्र दोनों क्षेत्रों में सैन्य ऑपरेशन और तेज किए जाएंगे।
वहीं जंग के बीच इजरायल रक्षा बलों (IDF) ने दवा किया है कि उसने दो ईरानी लड़ाकू विमानों को नष्ट कर दिया है। रविवार (1 मार्च) को IDF ने कहा कि उसने पश्चिमी ईरान के तब्रीज़ हवाई अड्डे से उड़ान भरने के लिए तैयार दो ईरानी लड़ाकू विमानों को नष्ट कर दिया है, क्योंकि दोनों देशों के बीच शत्रुता लगातार बढ़ रही है। IDF ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट शेयर करते हुए कहा कि जिन विमानों को निशाना बनाया गया वो एफ-4 और एफ-5 लड़ाकू जेट थे जो टेकऑफ के लिए तैनात थे।