Get App

Navpancham Rajyog 2026: शनि के साथ मिलकर गुरु ने बनाया नवपंचम राजयोग, अब ये 4 राशियां बटोरेंगी मुनाफा

Navpancham Rajyog 2026: देवगुरु बृहस्‍पति का 12 साल बाद अपनी उच्‍च राशि कर्क में महागोचर हुआ है। इस गोचर से उन्‍होंने शनि ग्रह के साथ नवपंचम राजयोग का निर्माण किया है। इस राजयोग के प्रभाव से 4 राशियों के लिए शुभ समय की शुरुआत हो सकती है

MoneyControl Newsअपडेटेड Jun 04, 2026 पर 8:00 AM
Navpancham Rajyog 2026: शनि के साथ मिलकर गुरु ने बनाया नवपंचम राजयोग, अब ये 4 राशियां बटोरेंगी मुनाफा

Navpancham Rajyog 2026: ज्‍योतिष शास्‍त्र में देवगुरु बृहस्‍पति और कर्मफलदाता शनि देव का अहम स्‍थान है। यह दोनों ग्रह जिस जातक की कुंडली में मजबूत होते हैं, उसे दुनिया के सभी सुख-सुविधाओं और सम्‍मान से भर देते हैं। गुरु जहां संपन्‍नता, भाग्‍य और शिक्षा के कारक माने जाते हैं, वहीं शनि देव कर्मों के आधार पर फल देते हैं। हाल ही में बृहस्‍पति का 12 साल बाद अपनी उच्‍च राशि कर्क में महागोचर हुआ है, जिसे ज्‍योतिष शास्‍त्र में बहुत शुभ माना जा रहा है। कर्क में आने के साथ ही गुरु ने शनि के साथ मिलकर नवपंचम राजयोग का निर्माण किया है।

कब बनता है नवपंचम योग

ज्योतिष में गुरु-शनि के प्रभाव से बनने वाले नवपंचम राजयोग अत्यंत शुभ और प्रभावशाली माना गया है। यह योग तब बनता है जब दो ग्रह एक-दूसरे से पांचवें और नौवें भाव में स्थित होते हैं। ज्योतिष शास्त्र में पंचम भाव बुद्धि, ज्ञान, संतान, क्रिएटिविटी, शिक्षा, और आकस्मिक लाभ का कारक होता है। जबकि नवम भाव भाग्य, धर्म, अच्छे अवसरों और लंबी यात्राओं का कारक माना जाता है।

नवपंचम राजयोग का प्रभाव

शनि-गुरु का नवपंचम राजयोग जातक की बुद्धि और भाग्य में शुभ प्रभाव डालता है। इस योग के प्रभाव से व्यक्ति को करियर में अप्रत्याशित सफलता, सामाजिक मान-प्रतिष्ठा और धन-संपदा प्राप्त होती है। यह योग कड़ी मेहनत का पूरा फल दिलाता है।

नवपंचम राजयोग से इन राशियों को होगा लाभ

कर्क राशि : गुरु का गोचर आपकी राशि में ही हो रहा है। नवपंचम राजयोग से यह समय आपके लिए लाभकारी साबित हो सकता है। शनि-गुरु कृपा से आपके अटके हुए कार्य पूर्ण हो सकते हैं। आपके फैसला लेने की क्षमता में सुधार होगा। आकस्मिक धन लाभ हो सकता है।

सब समाचार

+ और भी पढ़ें