यूपी के स्कूलों में छात्रों की कम एटेंडेंस (हाजिरी) की समस्या से निपटने के लिए सरकार ने नई स्कीम लॉन्च की है। इसके तहत घर से स्कूल की दूरी ज्यादा होने पर सरकार छात्रों को सालाना ट्रेवेल एलाउंस देगी। वेरिफिकेशन के बाद ये राशि सीधे छात्रों के बैंक अकाउंट में ट्रांसफर की जाएगी। लेकिन सरकार ये राशि नियमित स्कूल जाने वाले छात्रों को ही देगी।
सरकार की ये स्कीम मुख्य रूप से बुंदेलखंड के 6 जिलों झाँसी, चित्रकूट, जालौन, हमीरपुर, महोबा, बांदा और सोनभद्र के दूर-दराज के छात्रों के लिए है। सरकार चाहती है कि छात्र यात्रा संबंधी दिक्कतों के बिना सरकारी सेकेंडरी स्कूल पहुंच पाएं, ताकि इन स्कूलों में हाजिरी के स्तर को सुधारा जा सके और दूरी की वजह से छात्रों को पढ़ाई बीच में न छोड़नी पड़े। इस योजना से बुंदेलखंड और सोनभद्र के लगभग 24,000 छात्रों को फायदा मिलने की उम्मीद है।
कितना ट्रेवेल एलाउंस देगी सरकार
राज्य सरकार ने 9 से 12 तक के छात्रों को इस योजना में शामिल करने का फैसला किया है। अपने नजदीकी सरकारी सेकेंडरी स्कूलों से कम से कम 5 किलोमीटर दूर रहने वाले छात्रों को यह लाभ दिया जाएगा। इसके तहत सरकार छात्रों को सालाना 6,000 रुपये का ट्रेवेल एलाउंस देगी।
चालू सेशन से शुरू होगी स्कीम
डीबीटी से सीधे बैंक में आएंगे पैसे
ट्रेवेल एलाउंस की सालाना राशि डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (डीबीटी) के माध्यम से सीधे छात्र के बैंक अकाउंट में जमा होगी। योजना के अनुसार, इसकी पहली किस्त 5 सितंबर तक जारी की जा सकती है।
पीएम श्री योजना की छात्राएं भी होंगी शामिल
राज्य सरकार की इस योजना में प्रधानमंत्री स्कूल विकास योजना (पीएम श्री) के तहत चुने गए 146 सरकारी स्कूलों की छात्राओं को भी शामिल किया जाएगा। इससे पीएम श्री स्कूलों की लगभग 4,000 छात्राओं को भी ट्रेवेल एलाउंस मिलेगा।
इस योजना में शामिल छात्राओं को स्कूल में हाजिरी कम से कम 10% बढ़ानी होगी। स्कूल में रेगुलर अटेंडेंस ही इस योजना की एकमात्र शर्त है।