Tej Pratap Yadav: बिहार की राजनीति में इन दिनों मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर खूब हलचल मची हुई है। सबसे बड़ा सियासी घमासान तो राष्ट्रीय लोक मोर्चा के प्रमुख उपेंद्र कुशवाहा के बेटे दीपक प्रकाश को बिना चुनाव लड़े मंत्री बनाए जाने पर चल रहा है। इसी मुद्दे को लेकर जनशक्ति जनता दल (जेजेडी) के अध्यक्ष तेज प्रताप यादव ने X पर एक तस्वीर का हवाला देते हुए तीखा तंज कसा है। अपने पोस्ट में उन्होंने CM नीतीश कुमार और PM नरेंद्र मोदी दोनों को 'जादूगर' बताया है।
बिना चुनाव लड़े कैसे बने मंत्री?
तेज प्रताप यादव ने सोशल मीडिया पर पोस्ट किया कि सासाराम में जिस निर्दलीय प्रत्याशी रामनारायण पासवान की जमानत जब्त हो गई थी, उसी के काउंटिंग एजेंट बने दीपक प्रकाश बिना चुनाव लड़े नीतीश सरकार में मंत्री बन गए हैं। उन्होंने व्यंग्यात्मक ढंग से सवाल किया, 'है ना मोदी-नीतीश का जादू?' तेज प्रताप की इस पोस्ट पर यूजर्स द्वारा लगातार प्रतिक्रियाएं आ रही हैं।
यह विवाद तब और बढ़ गया जब यह खुलासा हुआ कि दीपक प्रकाश ने अपनी मां स्नेहलता के खिलाफ निर्दलीय चुनाव लड़ रहे रामनारायण पासवान के काउंटिंग एजेंट के रूप में काम किया था। उनका परिचय पत्र भी वायरल हो गया, जिसे आधार बनाकर अब तेज प्रताप यादव ने PM मोदी और CM नीतीश कुमार दोनों पर निशाना साधा है।
कुशवाहा पर परिवारवाद का आरोप
नीतीश कैबिनेट में रालोमो कोटे से एक सीट मिलने पर उपेंद्र कुशवाहा ने अपनी पत्नी स्नेहलता और पार्टी के 4 विधायक होने के बावजूद अपने बेटे दीपक प्रकाश का नाम भेजा। बेटे को मंत्री बनाने के फैसले से उपेंद्र कुशवाहा विरोधियों के निशाने पर आ गए हैं और उन पर परिवारवाद को बढ़ावा देने का आरोप लग रहा है।
आम तौर पर कोई व्यक्ति चुनाव जीतने या एमएलसी (MLC) बनने के बाद ही मंत्री पद की शपथ लेता है। लेकिन दीपक प्रकाश ने न तो विधानसभा चुनाव लड़ा और न ही वह एमएलसी हैं। 20 नवंबर को शपथ ग्रहण से ठीक पहले उनके मंत्री बनने की खबर से राजनीतिक गलियारों में हलचल मच गई थी।