पंजाबी सिंगर और एक्टर दिलजीत दोसांझ ने अपने ग्लोबल दिल-लुमिनाटी टूर 2024 के जरिए भारत में म्यूजिक कॉन्सर्ट्स की दुनिया में नया इतिहास रच दिया। यह टूर कुछ ही महीनों में देश के कई बड़े शहरों में आयोजित हुआ और हर जगह फैंस का जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। दिलजीत के लाइव परफॉर्मेंस, एनर्जी और स्टेज प्रेजेंस ने दर्शकों को खूब दीवाना बनाया। इस टूर की खास बात यह रही कि इसे सिर्फ एक म्यूजिक शो नहीं बल्कि बड़े स्तर का एंटरटेनमेंट इवेंट माना गया। हजारों लोगों की मौजूदगी में हुए इन कॉन्सर्ट्स ने लाइव म्यूजिक इंडस्ट्री को नई पहचान दी।
रिपोर्ट्स के मुताबिक यह टूर कमाई के मामले में भी काफी सफल रहा और भारत में आयोजित कॉन्सर्ट्स के बीच सबसे ज्यादा रेवेन्यू जनरेट करने वाला टूर बन गया। यही वजह है कि दिलजीत दोसांझ का यह टूर भारतीय म्यूजिक इंडस्ट्री के लिए एक नया मील का पत्थर माना जा रहा है
943 करोड़ रुपये का जबरदस्त रेवेन्यू
रिपोर्ट के मुताबिक इस टूर से कुल करीब 943 करोड़ रुपये का रेवेन्यू हुआ। इसमें लगभग 276 करोड़ रुपये सीधे कॉन्सर्ट से हासिल हुए, जबकि 553 करोड़ रुपये से अधिक अप्रत्यक्ष खर्चों से आए। इन खर्चों में ट्रैवल, टूरिज्म, होटल, खाने-पीने और स्थानीय सेवाओं से जुड़ी गतिविधियां शामिल थीं। इससे साफ है कि एक म्यूजिक टूर भी अर्थव्यवस्था के कई क्षेत्रों को गति दे सकता है।
इन शहरों में गूंजा दिलजीत का संगीत
दिलजीत का यह भव्य म्यूजिक सफर देश के कई बड़े शहरों में आयोजित हुआ। इनमें New Delhi, Hyderabad, Ahmedabad, Lucknow, Pune, Kolkata, Bengaluru, Chandigarh और Guwahati जैसे शहर शामिल रहे। हर जगह हजारों फैंस ने दिलजीत के लाइव कॉन्सर्ट का भरपूर आनंद लिया।
टिकट बिक्री और डिजिटल प्लेटफॉर्म की बड़ी भूमिका
बताया गया है कि इस टूर की करीब 3.20 लाख टिकटें बिकीं, जिनसे डायरेक्ट रेवेन्यू का लगभग 80 प्रतिशत हिस्सा आया। टिकटों की बिक्री में डिजिटल प्लेटफॉर्म Zomato के लाइव इवेंट सेक्शन की भी अहम भूमिका रही। हालांकि उस दौरान टिकटों की कालाबाजारी की खबरें भी सामने आई थीं, जिससे असली कमाई और भी ज्यादा हो सकती थी।
लाखों लोगों को मिला रोजगार
इस भव्य म्यूजिक टूर ने सिर्फ मनोरंजन ही नहीं दिया, बल्कि करीब 1,18,000 लोगों को रोजगार के अवसर भी पैदा किए। लाइव इवेंट इंडस्ट्री के साथ-साथ ट्रैवल, होटल और स्थानीय व्यापारियों को भी इससे बड़ा लाभ मिला।
टियर-2 और टियर-3 शहरों के फैंस की बढ़ती दिलचस्पी
रिपोर्ट के अनुसार कॉन्सर्ट में शामिल होने वाले लगभग 49 प्रतिशत दर्शक टियर-2 और टियर-3 शहरों से आए थे। इससे साफ है कि अब पंजाबी संगीत का क्रेज सिर्फ पंजाब या दिल्ली-एनसीआर तक सीमित नहीं रहा, बल्कि पूरे देश में तेजी से फैल रहा है।