वाराणसी में गंगा नदी के बीच नाव पर इफ्तार करने और नदी में हड्डियां फेंकने के आरोप में पुलिस ने 14 मुस्लिम युवकों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार यह कार्रवाई तब की गई जब सोशल मीडिया पर एक वीडियो सामने आया, जिसमें कुछ युवक नाव पर नॉन-वेज खाना खाते और गंगा में हड्डियां डालते हुए नजर आए। मामले की शिकायत भाजपा युवा मोर्चा के महानगर अध्यक्ष रजत जयसवाल ने दर्ज कराई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया कि नाव पर इफ्तार के दौरान नॉनवेज भोजन यानी बिरयानी परोसा गया। यह भी आरोप है कि नॉन वेज खाने के बाद हड्डियां भी गंगा नदी में फेंकी गई। वीडियो में युवकों द्वारा पार्टी मनाते हुए और नॉनवेज का सेवन करते दिखाया गया था।
जानकारी के मुताबिक, यह घटना सोमवार की है। इस मामले में भाजपा के शहर अध्यक्ष रजत जायसवाल ने पुलिस में शिकायत दी थी। उन्होंने अपनी शिकायत में कहा कि इस घटना से हिंदू समुदाय की धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं, जिसके बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कार्रवाई शुरू की। सूत्रों के मुताबिक, पुलिस ने वायरल वीडियो की जांच करने के बाद युवकों को गिरफ्तार किया। उन्होंने कहा, “गंगा एक पवित्र नदी है, ऐसी हरकतें किसी भी हाल में स्वीकार नहीं की जा सकतीं और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए।” वहीं, भगवा संगठनों के नेताओं ने भी इस मामले में सख्त कदम उठाने की मांग की है।
वहीं इस पूरे मामले पर जानकारी देते हुए वाराणसी के ACP विजय प्रताप सिंह ने बताया कि "16 मार्च को कुछ लोगों पर आरोप लगे थे कि वे पंचगंगा घाट पर एक नाव में इफ़्तार पार्टी के नाम पर चिकन बिरयानी खा रहे थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए हमने तुरंत अपनी टीमें अलग-अलग जगहों पर तैनात कर दीं। अब तक हमने कुल 14 लोगों को गिरफ़्तार किया है, और उनके ख़िलाफ़ उचित कार्रवाई की जाएगी।" पुलिस के अनुसार, आरोपियों के खिलाफ धार्मिक भावनाएं आहत करने और बीएनएस की अन्य संबंधित धाराओं में केस दर्ज किया गया है। वाराणसी के एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि मामले की जांच जारी है और जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।