भारतीय सेना प्रमुख उपेंद्र द्विवेदी ने मंगलवार को कहा कि पाकिस्तान में इस समय कुल 8 आतंकी कैंप सक्रिय हैं, इनमें से 6 नियंत्रण रेखा (LoC) के पार और 2 अंतरराष्ट्रीय सीमा (IB) के पास स्थित हैं।भारतीय सेना उन पर लगातार कड़ी नज़र बनाए हुए है। उन्होंने आगे बताया कि, अंदरूनी इलाकों में करीब 140 आतंकवादी एक्टिव हैं। इनमें से लगभग 10 स्थानीय आतंकवादी हो सकते हैं, जबकि बाकी के पाकिस्तान से आए आतंकवादी होने की आशंका है। सेना प्रमुख ने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि अगर इन कैंपों से किसी भी तरह की आतंकी गतिविधि या दुस्साहस की कोशिश की गई, तो भारत निर्णायक कार्रवाई करेगा।
पूरी तरह अलर्ट मोड में सेना
एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में जनरल द्विवेदी ने साफ कहा कि सेना किसी भी तरह की ढील नहीं बरत रही है। उन्होंने बताया कि फिलहाल किसी भी सैनिक की वापसी नहीं की जा रही है, क्योंकि हालात अभी पूरी तरह सामान्य नहीं हैं। सेना पूरी सतर्कता के साथ इलाके में तैनात है और आतंकवाद के खिलाफ कार्रवाई जारी रखे हुए है।
ऑपरेशन सिंदूर अभी भी जारी
भारतीय सेना प्रमुख उपेंद्र द्विवेदी ने मंगलवार को 2025 में हुए सीजफायर उल्लंघनों का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि इस दौरान कुल 139 उल्लंघन दर्ज किए गए, जिनमें से 124 उल्लंघन ऑपरेशन सिंदूर के समय हुए थे। जनरल द्विवेदी ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर अभी जारी है और दुश्मन की किसी भी गलत हरकत का कड़ा और असरदार जवाब दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि यह ऑपरेशन सीमा पार आतंकवाद के खिलाफ भारत की मजबूत और सोच-समझकर की गई कार्रवाई है, जो सेना की तैयारी और सटीक रणनीति को दिखाता है।
भारतीय सेना प्रमुख उपेंद्र द्विवेदी ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर ने रणनीतिक सोच में बदलाव लाने में मदद की है। उन्होंने बताया कि भारतीय सेना ने आतंकवाद के ढांचे को खत्म करने के लिए दुश्मन के अंदर तक सटीक कार्रवाई की और पाकिस्तान की लंबे समय से चली आ रही परमाणु धमकियों का भी प्रभावी जवाब दिया। सेना प्रमुख ने साफ किया कि सैनिक पूरी तरह तैनात हैं और जरूरत पड़ने पर जमीनी कार्रवाई के लिए तैयार हैं। कुल सुरक्षा हालात पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि जम्मू और कश्मीर में स्थिति संवेदनशील जरूर है, लेकिन पूरी तरह नियंत्रण में है। वहीं चीन के साथ वास्तविक नियंत्रण रेखा पर हालात फिलहाल स्थिर हैं। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि वहां लगातार नजर बनाए रखने की जरूरत है और भरोसा बढ़ाने वाले कदमों से धीरे-धीरे सामान्य स्थिति लौट रही है।