Delhi AQI Today: दिल्लीवासियों के लिए प्रदूषण के मोर्चे पर मिली-जुली खबर है। हवा की गुणवत्ता में सुधार को देखते हुए GRAP-3 की पाबंदियां हटा ली गई हैं, जिससे निर्माण कार्यों और कुछ खास गाड़ियों पर लगी रोक खत्म हो गई है। हालांकि, दिल्ली के कई इलाकों में अब भी 'जहरीली हवा' का पहरा है और मौसम विभाग ने कोहरे को लेकर येलो अलर्ट जारी किया है।
आज सुबह 6 बजे दिल्ली का औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 297 दर्ज किया गया, जो 'खराब' श्रेणी में आता है। हालांकि, अभी भी 17 इलाकों में AQI 300 के पार बना हुआ है, जो बेहद खराब श्रेणी में है।
GRAP-3 हटने से क्या बदलेगा?
वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) ने प्रदूषण में कमी को देखते हुए तीसरे चरण की पाबंदियां हटा दी है। अब गैर-जरूरी निर्माण कार्य और तोड़फोड़ की गतिविधियां फिर से शुरू हो सकेंगी। BS-3 पेट्रोल और BS-4 डीजल कारों पर लगी रोक हट गई है। हालांकि, GRAP-1 और GRAP-2 के नियम जारी रहेंगे, यानी धूल नियंत्रण और तंदूरों पर प्रतिबंध जैसे नियम लागू रहेंगे।
कोहरे का 'येलो अलर्ट' और विजिबिलिटी का संकट
मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, दिल्ली में कोहरा प्रदूषण को कम नहीं होने दे रहा है। रात और सुबह के समय छाए रहने वाला घना कोहरा प्रदूषक तत्वों को हवा में जमने में मदद करता है, जिससे स्मॉग की चादर बनी रहती है। IMD के पूर्वानुमान के मुताबिक, आने वाले पूरे हफ्ते सुबह के समय कोहरा रहेगा, जिससे विजिबिलिटी कम बनी रहेगी।
दिल्ली प्रदूषण को लेकर हुआ चौंकाने वाला खुलासा
'सेंटर फॉर रिसर्च ऑन एनर्जी एंड क्लीन एयर' (CREA) की रिपोर्ट ने दिल्ली के प्रदूषण की असली वजह बताई है। दिल्ली के कुल प्रदूषण में 65% हिस्सा NCR के अन्य जिलों और पड़ोसी राज्यों का है। वहीं दिल्ली का अपना योगदान केवल 35% है। यानी दिल्ली में जहरीली हवा के पीछे की सबसे बड़ी वजहें बाहरी है न की दिल्ली की। बता दें कि साल 2025 में दिल्ली को एक भी दिन 'अच्छी' हवा नसीब नहीं हुई।