Salem Railway Harassment Case: 'उसने थाई, हिप, लिप को किया टच...', महिला लोको पायलट की यौन उत्पीड़न की शिकायत सुन ICC ने सिर्फ किया ट्रांसफर!
Salem Railway Harassment Case: दक्षिण रेलवे के सलेम डिवीजन में काम करने वाली एक महिला असिस्टेंट लोको पायलट ने एक चीफ लोको इंस्पेक्टर पर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया है और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
महिला लोको पायलट ने रेलवे अधिकारी पर लगाया यौन उत्पीड़न का आरोप
Salem Railway Harassment Case: दक्षिण रेलवे के सलेम डिवीजन में काम करने वाली एक महिला असिस्टेंट लोको पायलट ने एक चीफ लोको इंस्पेक्टर पर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया है और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। यह घटना पिछले साल 13 सितंबर को एक ओरिएंटेशन कोर्स की परीक्षा के दौरान हुई थी। महिला की शिकायत के आधार पर आंतरिक शिकायत समिति (ICC) ने आरोपी अधिकारी को सिर्फ ट्रांसफर करने और चेतावनी देने की सिफारिश की।
महिला ने चीफ लोको इंस्पेक्टर पर लगाया उत्पीड़न का आरोप
ICC ने महिला का बयान दर्ज करते हुए कहा, "चीफ लोको इंस्पेक्टर टी. सेल्वराज ने कथित तौर पर महिला के सिर, थाई, हिप, और लिप को छुआ।"
हालांकि, महिला ने सलेम डिवीजनल रेलवे मैनेजर के सामने अपनी अपील में कहा, "यह घटना सिर्फ छूने या साधारण शारीरिक संपर्क तक सीमित नहीं थी। बल्कि, यह BNS की धारा 74 और 75 के तहत परिभाषित गंभीर यौन उत्पीड़न और मेरी मर्यादा भंग करने के इरादे से किया गया हमला था।" अपनी शुरुआती शिकायत में, महिला ने आरोप लगाया था कि ओरिएंटेशन कोर्स की परीक्षा के दौरान उसे अकेला पाकर सेल्वराज ने कथित तौर पर उसका यौन उत्पीड़न किया। इसी शिकायत के आधार पर सलेम के सीनियर डिवीजनल इलेक्ट्रिकल इंजीनियर ने आंतरिक शिकायत समिति (ICC) बनाई।
पीड़िता ने समिति को बताया कि परीक्षा पूरी करने के बाद जब वह घर लौटी, तो सेल्वराज ने उसे फोन किया और अपने किए के लिए माफी मांगते हुए कहा कि ऐसी गलती दोबारा नहीं होगी और उससे घटना को "भूल जाने" का अनुरोध किया।
महिला ने समिति के सामने पेश किया कॉल रिकॉर्डिंग
महिला द्वारा प्रस्तुत कॉल रिकॉर्डिंग के आधार पर समिति ने इन आरोपों की पुष्टि की। अपनी रिपोर्ट में समिति ने कहा कि सेल्वराज ने सभी आरोपों को पूरी तरह स्वीकार कर लिया है।
रिपोर्ट में कहा गया, “इसलिए ICC यह मानती है कि टी. सेल्वराज (CLI/ED) के खिलाफ लगाए गए आरोप साबित हो चुके हैं।”
समिति ने आरोपी सेल्वराज को दी कड़ी चेतावनी
ICC ने सिफारिश की कि सेल्वराज का सलेम डिवीजन के इरोड डिपो से ट्रांसफर कर दिया जाए और उन्हें कड़ी चेतावनी दी जाए कि भविष्य में ऐसी कोई हरकत या शिकायत दोबारा सामने आई तो सख्त कार्रवाई की जाएगी।
आईसीसी द्वारा कराई गई जांच रिपोर्ट के आधार पर दक्षिणी रेलवे ने आरोपी कर्मचारी का तबादला कोयंबटूर कर दिया और भविष्य में इसी तरह के दुर्व्यवहार की पुनरावृत्ति होने पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी जारी की।
समिति ने कार्यस्थल पर सुरक्षा, पारदर्शिता और निगरानी बढ़ाने के लिए ऑफिस में उपयुक्त स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने की भी सिफारिश की।
पीड़िता ने समिति की सिफारिशों पर जताई आपत्ति
अपनी अपील में महिला ने समिति की सिफारिशों पर गंभीर आपत्ति जताते हुए कहा कि अपराध सिद्ध होने के बाद केवल अपराधी को चेतावनी देना काफी कष्टदायक है।
महिला ने आरोप लगाया कि ये घटना कानून के तहत गंभीर अपराध है। उसने कहा, "यह सब उसने पहले से प्लान करके किया था। उसे पता था कि इरोड के क्रू बुकिंग ऑफिस की पहली मंजिल पर स्थित क्रू कंट्रोलर के ऑफिस में उस समय कोई नहीं होगा। उसने मुझे ओरिएंटेशन सर्टिफिकेट रिन्यू करने के बहाने वहां बुलाया।" महिला ने बताया कि वह वहां से निकलने के लिए काफी संघर्ष करती रही और किसी तरह खुद को बचाकर बाहर आई।
समिति पर मामले को हल्के में लेने का आरोप लगाते हुए महिला ने कहा कि उसके साथ हुआ उत्पीड़न उसकी व्यक्तिगत गरिमा पर सीधा हमला था।
उसने इस बात पर भी हैरानी जताई कि क्रू कंट्रोलर ने जांच रिपोर्ट की एक कॉपी सार्वजनिक दस्तावेज की तरह, गोपनीयता का पालन किए बिना, खुलेआम सौंप दी।
उसने आगे अनुरोध किया कि संबंधित अधिकारियों को ऐसे मामलों में गोपनीयता बनाए रखने के लिए आवश्यक निर्देश जारी किए जाएं।