गाजियाबाद पुलिस ने बताया कि हिंदू रक्षा दल (HRD) के 10 सदस्यों को शालीमार गार्डन में उनके कार्यालय से तलवारें बांटने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद ये गिरफ्तारियां की गईं। पुलिस ने गिरफ्तार किए गए लोगों से आठ तलवारें भी बरामद की हैं। पुलिस के मुताबिक, शालीमार गार्डन पुलिस स्टेशन में 40 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। इनमें से 30 लोगों की पहचान अभी बाकी है। 29 दिसंबर को शालीमार गार्डन एक्स-2 स्थित हिंदू रक्षा दल कार्यालय में तलवारें बांटे जाने की सूचना मिलने के बाद जांच शुरू की गई।
पुलिस ने एक बयान में कहा कि वीडियो में कई लोग तलवारें लिए हुए, भड़काऊ नारे लगाते और हिंसक प्रदर्शन करते हुए दिखाई दे रहे हैं। इस सूचना के आधार पर टीमें इलाके में भेजी गईं और एक टेलीफोन एक्सचेंज के पास गिरफ्तारियां की गईं।
गिरफ्तार किए गए लोगों की पहचान कपिल कुमार, श्याम प्रसाद, अरुण जैन, रामपाल, अमित सिंह, अमित कुमार, अमित अरोरा, मोहित कुमार, देवेंद्र बघेल और उजाला सिंह के रूप में हुई है। पुलिस ने बताया कि ये सभी हिंदू रक्षा दल से जुड़े हुए थे।
वायरल वीडियो में क्या है?
सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में दक्षिणपंथी समूह हिंदू रक्षा दल के सदस्य स्थानीय लोगों को खुलेआम तलवारें और कुल्हाड़ियां बांटते हुए दिखाई दे रहे हैं। समूह का दावा है कि बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे हमलों को लेकर चिंता के बीच ये हथियार "आत्मरक्षा" के लिए थे।
फुटेज में आरोपी आक्रामक ढंग से हथियार लहराते, मुस्लिम विरोधी नारे लगाते और धमकियां देते हुए दिखाई दे रहे हैं, जिनमें प्रतिशोध की मांग और बांग्लादेश में हाल ही में हुई हिंसा का जिक्र शामिल है।
इस मामले में मुख्य आरोपी, HRD का राष्ट्रीय अध्यक्ष पिंकी चौधरी, फिलहाल फरार है। गिरफ्तारी के बाद, चौधरी ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो पोस्ट किया, जिसमें उसने दावा किया कि दिन में पहले ही तलवारें बांटी जा चुकी थीं।
उसने बताया कि बाद में बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी कार्यालय पहुंचे और उसके कुछ कर्मचारियों को गिरफ्तार कर लिया गया। उसने आगे कहा कि तलवार बांटने का उद्देश्य "हिंदू परिवारों को मजबूत बनाना" था और उसने बांग्लादेश में चल रही स्थिति का भी जिक्र किया।
पूछताछ के दौरान गिरफ्तार लोगों ने पुलिस को बताया कि वे चौधरी के निर्देश पर कार्यालय में इकट्ठा हुए थे और तलवारें भी चौधरी ने ही व्यवस्थित की थीं। पुलिस ने बताया कि कानूनी कार्रवाई की जा रही है और गिरफ्तार किए गए सभी लोगों के आपराधिक रिकॉर्ड की जांच की जा रही है।