गाजियाबाद के भारत सिटी सोसाइटी की 9वीं मंजिल से कूदकर जान देने वाली इन तीन बहनों की कहानी जितनी दुखद है, उतनी ही हैरान कर देने वाली भी। जैसे-जैसे इस मामले की जांच आगे बढ़ रही है, ये केस और भी उलझता हुआ नजर आ रहा है। पुलिस जांच आगे बढ़ा रही है, नए-नए सवाल खड़े हो रहे हैं। पुलिस को लड़कियों के पिता चेतन कुमार के बयानों में कई तरह की उलझन और विरोधाभास मिले हैं। पूछताछ के दौरान उन्होंने अलग-अलग समय पर अलग बातें बताईं, जिससे शक और गहरा गया है। खासकर उनकी शादियों को लेकर भी साफ जानकारी नहीं मिल पा रही है।
बताया जा रहा है कि उन्होंने तीन शादियां की थीं, लेकिन इन रिश्तों के बारे में वे स्पष्ट जवाब नहीं दे रहे हैं। जांच में यह भी सामने आया है कि परिवार आर्थिक तंगी से जूझ रहा था। पैसों की परेशानी को लेकर भी पिता के बयान बार-बार बदल रहे हैं। इससे पुलिस को पूरे मामले की सच्चाई समझने में दिक्कत आ रही है। इसके अलावा, लड़कियों की घर और स्कूल की ज़िंदगी को लेकर भी कुछ चिंताजनक बातें सामने आई हैं। बताया जा रहा है कि वे ज़्यादातर समय घर के अंदर ही रहती थीं और उनकी दिनचर्या सामान्य बच्चों जैसी नहीं थी। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आखिर उनके जीवन में ऐसा क्या चल रहा था, जिसने इस दुखद घटना को जन्म दिया।
टीना नाम की महिला और दो अलग-अलग कहानियां
चेतन ने पुलिस को बताया कि साल 2018 में वह गाजियाबाद में क्रेडिट कार्ड सर्विस से जुड़ा काम करता था। इसी दौरान उसने टीना नाम की एक युवती को नौकरी पर रखा। पुलिस सूत्रों के अनुसार, काम के दौरान दोनों एक-दूसरे के करीब आए और बाद में चेतन ने उससे शादी कर ली। इस तरह टीना उसकी तीसरी पत्नी बनी। बताया जा रहा है कि टीना की उम्र करीब 22 साल है और उसकी चेतन से तीन साल की एक बेटी भी है।
लेकिन जांच के दौरान एक बड़ी उलझन सामने आई है। शुरुआत में चेतन ने पुलिस को कहा था कि टीना उसकी पत्नी नहीं, बल्कि उसकी भाभी है। बाद में उसने शादी की बात कही। उसके इन अलग-अलग बयानों ने पुलिस को हैरान कर दिया है। अब यही विरोधाभास जांच का अहम हिस्सा बन गया है और पुलिस यह समझने की कोशिश कर रही है कि सच क्या है।
तीन शादियां और उलझी हुई टाइमलाइन
चेतन ने पुलिस को बताया है कि उसने पहली शादी 2010 में सुजाता से और दूसरी शादी 2013 में हीना से की थी। लेकिन पुलिस का कहना है कि उसकी बताई गई तारीखें पूरी तरह मेल नहीं खा रही हैं। सुजाता से उसकी सबसे बड़ी बेटी 16 साल की है। ऐसे में चेतन का यह कहना कि उसने दूसरी शादी इसलिए की क्योंकि पहली शादी से बच्चे नहीं हुए थे, सवालों के घेरे में आ गया है। बेटी की उम्र और शादी की तारीख के बीच फर्क साफ दिखाई दे रहा है।
अब पुलिस शादियों के सही क्रम और तारीखों की पुष्टि करने के लिए दस्तावेज जुटाने की कोशिश कर रही है। हालांकि यह काम आसान नहीं है। सुजाता और हीना दोनों ही पढ़ी-लिखी नहीं हैं और वे शादी से जुड़े कोई पक्के कागज़ या सही तारीखें नहीं बता पा रही हैं। इसी वजह से जांच और जटिल होती जा रही है और पुलिस पूरे मामले को ध्यान से खंगाल रही है।
तीन बेडरूम का फ्लैट, लेकिन सब एक ही कमरे में
जांच के दौरान पुलिस का ध्यान परिवार के रहने के तरीके पर भी गया है। बताया जा रहा है कि परिवार तीन बेडरूम के फ्लैट में रहता था, लेकिन इसके बावजूद सभी लोग एक ही कमरे में सोते थे। पुलिस ने जब चेतन से पूछा कि आखिर तीनों लड़कियां देर रात बिना किसी को पता चले कमरे से कैसे बाहर चली गईं, तो उसने कहा कि उनका रात में उठकर बाहर जाना कोई नई बात नहीं थी, बल्कि यह उनकी रोज़ की आदत थी। लेकिन जांच अधिकारियों का कहना है कि इस जवाब से मामला साफ होने के बजाय और भी उलझ गया है। अब यह सवाल उठ रहा है कि अगर यह रोज की बात थी, तो परिवार ने कभी इस पर ध्यान क्यों नहीं दिया। पुलिस इन सभी पहलुओं की गहराई से जांच कर रही है।
स्कूल छूटा, अधूरा रह गया बचपन
पुलिस जांच में यह बात सामने आई है कि तीनों लड़कियां कई सालों से स्कूल नहीं जा रही थीं। परिवार का कहना है कि आर्थिक तंगी की वजह से उनकी पढ़ाई छुड़ानी पड़ी। अब अधिकारी यह जानने की कोशिश कर रहे हैं कि लड़कियां पहले किन स्कूलों में पढ़ती थीं, उन्होंने कितनी कक्षा तक पढ़ाई की और आखिर किस कारण स्कूल जाना बंद किया। पुलिस इस पहलू की भी जांच करेगी कि क्या लड़कियां पढ़ाई में कमजोर थीं या वे बार-बार फेल हो रही थीं। जांच का मकसद यह समझना है कि उनकी पढ़ाई छूटने के पीछे असली वजह क्या थी और क्या इस बात का इस दुखद घटना से कोई संबंध है।