Shashi Tharoor: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता शशि थरूर ने नाराजगी की खबरों के बीच गुरुवार (29 जनवरी) को पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी से मुलाकात की। थरूर ने कहा कि सब कुछ ठीक है। हम सब एकसाथ हैं। संसद भवन स्थित खड़गे के कार्यालय में यह मुलाकात हुई। थरूर ने इस मुलाकात को बहुत अच्छी, सार्थक और सकारात्मक करार दिया। पत्रकारों ने थरूर से पूछा कि क्या उनकी राहुल गांधी से मीटिंग हुई है? इस पर उन्होंने कहा, "अच्छी बातचीत हुई, नई नौकरी नहीं ढूंढ रहा हूं...।"
उन्होंने पत्रकारों से कहा, "सब कुछ ठीक है। हम सब एकसाथ आगे बढ़ रहे हैं।" उन्होंने मुख्यमंत्री पद के लिए अपनी दावेदारी से इनकार करते हुए कहा कि यह उनके लिए कभी मुद्दा नहीं रहा। एक और सवाल के जवाब में उन्होंने साफ तौर पर कहा, "अपने ही पार्टी नेता से मिलने में क्या अजीब बात है?"
न्यूज एजेंसी ANI ने पुष्टि की है कि थरूर संसद में कांग्रेस अध्यक्ष के ऑफिस में गांधी और खड़गे से मिले। इनके बीच चर्चा आधे घंटे से ज्यादा समय से चली। इस मुलाकात ने राजनीतिक गलियारों में ध्यान खींचा है क्योंकि यह थरूर की पार्टी के अंदर कुछ चिंताओं के बारे में हालिया सार्वजनिक टिप्पणियों के बीच हुई है।
कांग्रेस से कुछ मतभेद हैं: थरूर
इससे पहले, 24 जनवरी को तिरुवनंतपुरम के सांसद ने कहा था कि उन्हें कांग्रेस से कुछ मुद्दे हैं, जिन्हें वह नेतृत्व के सामने उठाना चाहते हैं। थरूर ने साथ ही कहा कि उन्होंने संसद में पार्टी के घोषित रुख का कभी उल्लंघन नहीं किया। थरूर ने कहा कि किसी भी आंतरिक मतभेद पर संगठन के भीतर ही चर्चा की जानी चाहिए, न कि मीडिया के माध्यम से।
कुछ खबरों में दावा किया गया है कि थरूर के पार्टी नेतृत्व से मतभेद हैं। वह इस बात से आहत हैं कि राहुल गांधी ने हाल में कोच्चि में एक कार्यक्रम के दौरान मंच पर उनके मौजूद होने के बावजूद उनके नाम का उल्लेख नहीं किया। साथ ही राज्य के नेताओं द्वारा बार-बार उन्हें दरकिनार करने की कोशिश की जा रही है।
थरूर ने कहा, "मैं बस इतना ही कह सकता हूं कि कुछ ऐसे मुद्दे हैं जिन्हें मुझे सार्वजनिक मंच पर नहीं बल्कि अपनी पार्टी के नेतृत्व के समक्ष उठाना होगा... मैं संसद सत्र के लिए दिल्ली जाऊंगा और मुझे विश्वास है कि मुझे पार्टी नेतृत्व के सामने अपनी चिंताओं को स्पष्ट रूप से रखने और उनका दृष्टिकोण जानने का अवसर मिलेगा... मुझे उचित तरीके से बातचीत करने का मौका मिलेगा।"
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने केरल विधानसभा चुनाव को लेकर रणनीति पर चर्चा के लिए शुक्रवार को राज्य से जुड़े वरिष्ठ नेताओं के साथ बैठक की थी। लेकिन थरूर इसमें शामिल नहीं हुए थे।
तिरुवनंतपुरम के सांसद ने पत्रकारों से कहा कि उन्होंने कांग्रेस नेतृत्व को पार्टी की बैठक में शामिल न हो पाने की अपनी असमर्थता के बारे में सूचित कर दिया था। उन्होंने कहा कि उनके बारे में कुछ खबरें सही हो सकती हैं। जबकि अन्य गलत हो सकती हैं।
कोच्चि में एक पार्टी कार्यक्रम में उनके साथ कथित अनुचित व्यवहार के बारे में पूछे गए सवाल पर थरूर ने कहा कि वह इस पर टिप्पणी नहीं करेंगे। उन्होंने कहा कि वह साहित्य उत्सव में श्री नारायण गुरु पर अपनी पुस्तक प्रदर्शित करना चाहते थे। कांग्रेस सांसद ने कहा कि राजनीतिक व्यस्तता के कारण वह एक बार जयपुर साहित्य उत्सव में शामिल नहीं हो पाए थे।