भारत और पाकिस्तान के बीच संघर्ष इतना बढ़ गया कि पड़ोसी देश ने अपनी लॉन्ग रेंज मिसाइल फतेह-2 से राजधानी दिल्ली को निशाना बनाने की हिमाकत की, लेकिन उसके मंसूबे कामयाब नहीं हो पाए और सिरसा में ही मार गिराया गया। भारत ने भी शनिवार तड़के पाकिस्तान के खिलाफ जवाबी हमले किए, जिसमें इस्लामाबाद, लाहौर और रावलपिंडी शहर और तीन वायु सेना ठिकानों को निशाना बनाया गया।
CNN-News18 ने सूत्रों के हवाले से बताया कि पाकिस्तान के कई शहरों में कई धमाके सुने गए- रावलपिंडी में दो, लाहौर और इस्लामाबाद में एक-एक। तीन वायुसेना ठिकानों- रावलपिंडी में नूर खान एयरबेस, पंजाब के शोरकोट में रफीकी एयरबेस और पंजाब के चकवाल में मुरीद एयरबेस को भी हमलों में निशाना बनाया गया।
इंटर-सर्विसेज पब्लिक रिलेशंस (DG ISPR) के महानिदेशक लेफ्टिनेंट जनरल अहमद शरीफ चौधरी ने नूर खान एयरबेस, रफीकी एयरबेस पर भारत के हमले की पुष्टि की, लेकिन दावा किया कि पाकिस्तानी वायु सेना (PAF) की सभी संपत्तियां सुरक्षित हैं।
पाकिस्तान सरकार ने कहा कि हमले में कोई हताहत या फिजिकल नुकसान नहीं हुआ है।
सूत्रों के अनुसार, भारत ने हवाई हमलों में हवा से जमीन पर मार करने वाली मिसाइलों और ड्रोन का इस्तेमाल किया। उन्होंने बताया कि हमले में पाकिस्तान को कई हवाई हथियार खोने पड़े और वे अपनी मशीनें चालू नहीं कर पाए।
भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव के बीच शुक्रवार को पाकिस्तान की ओर से भारत में 26 जगहों पर ड्रोन से ताजा हमला किए जाने के कुछ ही घंटों बाद भारतीय सेना ने यह हमला किया। सूत्रों ने बताया कि भारतीय सेना ने पाकिस्तान की ओर से दागी गई छह बैलिस्टिक मिसाइलों को भी नष्ट कर दिया।
शीर्ष सरकारी सूत्रों ने बताया कि पाकिस्तान की ओर से भारतीय सैन्य ठिकानों और नागरिक इलाकों पर हमला करने के कई प्रयास किये जाने के बाद भारत ने जवाबी हमले शुरू किये।
सूत्रों ने कहा, "आतंकवादी समूहों के निर्दोष भारतीयों की हत्या करके किए गए अपराध के लिए आतंक के ठिकानों पर हमला किया गया। हमने पाकिस्तान के सैन्य प्रतिष्ठानों या नागरिक इलाकों पर हमला नहीं किया। कल से पाकिस्तान के प्रयास आपराधिक कृत्य थे। उन्होंने भारतीय सेना के ठिकानों पर कई हमले करने की कोशिश की। उन्होंने भारतीय नागरिक क्षेत्रों पर भी हमला किया। उनकी अपराध सूची बहुत बड़ी है। भारत केवल कस्टम मैच हमले कर रहा है।"