Pune Ketan Agarwal Case: पुणे के कारोबारी परिवार के युवक केतन अग्रवाल की मर्डर मिस्ट्री ने पूरे देश में जबर्दस्त सुर्खियां बंटोर रखी है। शादी से ठीक कुछ महीने पहले हुई पुणे के बिजनेसमैन केतन अग्रवाल की मौत के 5 दिन बाद पुलिस ने उसकी मंगेतर सिया गोयल (20) और उसके कथित बॉयफ्रेंड चेतन चौधरी (22) को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस का दावा है कि इन दोनों ने मिलकर ट्रेकिंग के दौरान केतन को करीब 400 फीट गहरी खाई में धकेलकर मार डालने का प्लान बनाया था। इस हाई-प्रोफाइल मामले के सामने आने के बाद अब उन संकेतों पर भी ध्यान जा रहा है जिन्हें केतन के परिवार ने वक्त रहते नहीं पहचाना और आज उन्हें इस बात का गहरा अफसोस है।
मनी कंट्रोल इंग्लिश की एक रिपोर्ट में एचटी के हवाले से केतन के पिता विशाल अग्रवाल को कोट किया गया है। इसके मुताबिक विशाल अग्रवाल ने बताया कि उनके बेटे ने फरवरी में हुई सगाई के बाद से ही सिया के व्यवहार को लेकर कई बार संदेह जताया था। पिता ने बताया कि सगाई के बाद केतन और सिया अक्सर एक-दूसरे से मिलते थे, लेकिन केतन कभी-कभी परिवार से यह सवाल पूछता था कि क्या उन्होंने सिया के बैकग्राउंड की ठीक से जांच की है। उस वक्त पिता विशाल अग्रवाल ने केतन को यह कहकर आश्वस्त कर दिया था कि सिया का परिवार उनके जानने वाले परिवार से कनेक्टेड है इसलिए कोई समस्या की बात नहीं है।
फोन पर बिजी रहना और झगड़े
केतन के पिता ने याद करते हुए बताया कि केतन और सिया के बीच अक्सर छोटी-छोटी बातों पर बहस और झगड़े होते थे और सिया अपना काफी समय अपने फोन पर ही बिताती थी। इस मामले का सबसे हैरान करने वाला पहलू यह है कि केतन को उस शख्स का अंदेशा पहले ही हो चुका था जो आगे चलकर उसका कातिल बना। पिता के मुताबिक केतन ने अपनी मंगेतर पर शक होने के बाद बकायदा चेतन चौधरी का नाम भी लिया था क्योंकि उसे उन दोनों के बीच अफेयर या किसी रिश्ते का संदेह था। इस अनबन और सिया की कम उम्र (20 वर्ष) को देखते हुए केतन का परिवार शादी को कुछ समय के लिए टालने पर भी विचार कर रहा था। तब सिया के माता-पिता ने कथित तौर पर इस बात पर जोर दिया कि शादी तय समय पर ही आगे बढ़नी चाहिए।
17 करोड़ खर्च कर होनी थी आलीशान शादी
26 वर्षीय केतन अग्रवाल महाराष्ट्र के अपने परिवार की ही प्रमुख वेयरहाउस डेवलपर कंपनी में डायरेक्टर के पद पर थे। केतन ने मैसाचुसेट्स के बैबसन कॉलेज के 'एफडब्ल्यू ओलिन ग्रेजुएट स्कूल ऑफ बिजनेस' से मास्टर डिग्री हासिल की थी। वह साल 2023 में ही पुणे वापस लौटे थे और अपने फैमिली बिजनेस से जुड़े थे। रिश्तेदारों के माध्यम से इसी साल की शुरुआत में सिया गोयल के साथ उनका रिश्ता तय हुआ था। नवंबर में होने वाली इस आलीशान शादी के लिए उदयपुर में होटल भी बुक कर लिए गए थे। लेकिन पुलिस का आरोप है कि जब एक तरफ शादी की तैयारियां चल रही थीं, वहीं दूसरी तरफ सिया लगातार चेतन चौधरी के साथ अपना गुप्त रिश्ता बनाए हुए थी। चेतन का परिवार भी उसी कमर्शियल एरिया में बिजनेस चलाता है जहां सिया के पिता का बिजनेस है।
जन्मदिन से ठीक एक दिन पहले मर्डर, ऐसे खुली पोल
यह दर्दनाक घटना 18 जून को हुई। ये आरोपी सिया गोयल के 20वें जन्मदिन से ठीक एक दिन पहले का वक्त था। दोनों लोहगढ़ किले में ट्रेकिंग के लिए गए थे। शुरुआत में इसे पैर फिसलने से हुआ हादसा माना जा रहा था, लेकिन जांचकर्ताओं को जब घटनाक्रम के सीक्वेंस में विसंगतियां मिलीं तो केस ने नया मोड़ ले लिया। पुलिस के मुताबिक केतन एक अनुभवी ट्रेकर था जो कई बार लोहगढ़ किला आ चुका था और वहां के रास्तों व इलाके से अच्छी तरह वाकिफ था। ऐसे में उसके अचानक पैर फिसलकर गिरने की थ्योरी पुलिस के गले नहीं उतरी। परिवार के बयानों और संदेह ने जांचकर्ताओं को घटना से पहले और बाद में सिया की हरकतों और गतिविधियों की बारीकी से जांच करने के लिए प्रेरित किया।
फोन डेटा और कॉल रिकॉर्ड्स ने खोला राज: 6 महीने में 238 घंटे बात
जब पुलिस ने सिया गोयल के मोबाइल फोन की फोरेंसिक जांच की और अन्य डिजिटल सबूत जुटाए तो इस खौफनाक मर्डर मिस्ट्री का पूरा सच बाहर आ गया। डिजिटल सबूतों से साफ हुआ कि सिया और चेतन चौधरी पिछले एक साल से अधिक समय से रिलेशनशिप में थे। सिया किसी भी तरह केतन से शादी करने से बचना चाहती थी और इसी वजह से उसने चौधरी के साथ मिलकर केतन को रास्ते से हटाने की साजिश रची। News18 की रिपोर्ट के मुताबिक पुलिस ने जब सिया और चेतन के फोन रिकॉर्ड्स खंगाले तो दोनों के बीच इस साल जनवरी से जून के बीच कुल 2004 बार कॉल्स होने की बात सामने आई। इन छह महीनों में दोनों ने आपस में कुल 238 घंटे फोन पर बात की थी। अब तक जुटाए गए इन पुख्ता और तकनीकी सबूतों के आधार पर पुलिस ने दोनों आरोपियों (सिया और चेतन) को गिरफ्तार कर लिया है और फिलहाल मामले की जांच जारी है।