Kuno Park News: दक्षिण अफ्रीका से मध्य प्रदेश के कूनो नेशनल पार्क लाई गई मादा चीता 'गामिनी' ने तीन शावकों को जन्म दिया है। इसके साथ ही भारत में चीतों की कुल संख्या बढ़कर 38 हो गई है। केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव ने बुधवार (18 फरवरी) को यह जानकारी दी। यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट में कहा कि चीतों भारत में फिर से बसाने के कार्यक्रम की दिशा में यह एक बड़ी सफलता है। उन्होंने कहा कि दूसरी बार मां बनी गामिनी ने कूनो नेशनल पार्क में तीन शावकों को जन्म दिया है।
भूपेंद्र यादव ने कहा कि यह भारत में चीतों का नौवां सफल प्रजनन है। इसके साथ ही देश में जन्मे जीवित शावकों की संख्या 27 हो गई है। उन्होंने कहा कि इन नए शावकों के जन्म के साथ ही भारत में चीतों की कुल संख्या 38 हो गई है। उन्होंने कहा कि यह देश के संरक्षण प्रयासों की ऐतिहासिक सफलता का प्रतीक है।
सितंबर 2022 में शुरू हुए 'प्रोजेक्ट चीता (Project Cheetah)' के तहत साउथ अफ्रीका से लाई गई 'गामिनी (Gamini)' ने बच्चों को जन्म दिया है। भारत में अफ्रीकी चीतों के पहले बैच के आने के तीन साल पूरे हो गए हैं। इस प्रोजेक्ट का मकसद भारत में दुनिया के सबसे तेज जमीनी जानवर की आबादी को फिर से बढ़ाना है, जहां यह दशकों पहले खत्म हो गया था।
X पर एक पोस्ट में यादव ने लिखा, "कुनो में तीन नए शावकों का स्वागत हुआ। साउथ अफ्रीका से चीतों के आने के 3 साल पूरे होने पर कुनो में एक नया चैप्टर शुरू हुआ। कुनो नेशनल पार्क में जश्न की गूंज है क्योंकि साउथ अफ्रीकी चीता और दूसरी बार मां बनी गामिनी ने 3 नए शावकों को जन्म दिया है।"
यादव ने आगे बताया, "इन नए चीतों के साथ भारत में चीतों की कुल आबादी अब 38 हो गई है, जो देश के पक्के इरादे और ऐतिहासिक संरक्षण की कोशिशों का एक मजबूत प्रतीक है।" इस मील के पत्थर की अहमियत पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि हर जन्म प्रोजेक्ट चीता की नींव को मजबूत करता है।
मंत्री ने कहा कि यह ग्राउंड टीमों की लगातार कोशिशों को दिखाता है। उन्होंने ने आगे कहा, "कुनो और भारत के लिए यह गर्व का पल है। गामिनी और उसके तीन छोटे स्प्रिंटर्स मजबूत बनें। देश की चीता रिवाइवल कहानी को तेजी और ग्रेस के साथ आगे बढ़ाएं।"