Middle East War News: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार (19 मार्च) को ओमान के सुल्तान हैथम बिन तारिक से बातचीत की। इस दौरान दोनों ने पश्चिम एशिया की स्थिति पर चर्चा की। उन्होंने पश्चिम एशिया में तनाव कम करने के लिए संवाद को प्राथमिकता देने की आवश्यकता पर बल दिया। सुल्तान से टेलीफोन पर हुई बातचीत के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत और ओमान होर्मुज जलडमरूमध्य से सुरक्षित और फ्री नेविगेशन के लिए प्रतिबद्ध हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने मलेशिया के पीएम अनवर इब्राहिम और फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों से भी बात की। इस दौरान पश्चिम एशिया की बेहद चिंताजनक स्थिति पर चर्चा की। प्रधानमंत्री ने ओमान की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता के उल्लंघन की भारत द्वारा की गई निंदा को दोहराया। साथ ही भारतीय नागरिकों सहित हजारों लोगों की सुरक्षित वापसी सुनिश्चित करने के लिए किए गए प्रयासों की सराहना की।
इब्राहिम से बातचीत के दौरान पीएम मोदी ने ईद-उल-फितर को लेकर अपने मलेशियाई समकक्ष और मलेशिया के लोगों को हार्दिक शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि हमने पश्चिम एशिया में बेहद चिंताजनक स्थिति पर भी चर्चा की। इस दौरान संवाद एवं कूटनीति के माध्यम से तनाव कम करने और शांति एवं स्थिरता की शीघ्र बहाली के प्रति अपनी साझा प्रतिबद्धता को दोहराया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने X पर लिखा, "मेरे भाई सुल्तान हैथम बिन तारिक के साथ अच्छी बातचीत हुई और ओमान के लोगों को ईद की एडवांस बधाई दी। हम तनाव कम करने और उसके बाद शांति और स्थिरता बहाल करने के लिए बातचीत और डिप्लोमेसी को प्राथमिकता देने की जरूरत पर सहमत हुए। ओमान की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता के उल्लंघन की भारत की निंदा दोहराई और भारतीय नागरिकों समेत हज़ारों लोगों की सुरक्षित वापसी में मदद करने के ओमान के प्रयासों की तारीफ की। भारत और ओमान होर्मुज स्ट्रेट से सुरक्षित और फ्री नेविगेशन के लिए खड़े हैं।"
अमेरिका और इजरायल द्वारा 28 फरवरी को ईरान पर हमले शुरू करने और उसके जवाब में ईरान द्वारा कई खाड़ी देशों पर हमले किये जाने के बाद से ओमान के सुल्तान के साथ पीएम मोदी ने दूसरी बार बातचीत की है। संघर्ष शुरू होने के बाद से प्रधानमंत्री मोदी ने सऊदी अरब, बहरीन, संयुक्त अरब अमीरात, जॉर्डन, इजराइल और ईरान सहित विश्व के कई नेताओं से भी बात की है।
ओमान में हुए ड्रोन हमलों में राजस्थान के दो युवकों की मौत
अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी युद्ध के दौरान ओमान में हुए ड्रोन हमलों में राजस्थान के दो युवकों की मौत हो गई। पुलिस ने बताया कि सीकर जिले के खंडेला तहसील क्षेत्र के अगलोई गांव निवासी विक्रम वर्मा पुत्र बनवारी लाल और ब्यावर जिले के रायपुर उपखंड क्षेत्र के लालपुरा गांव निवासी पप्पू सिंह पुत्र देवी सिंह इन हमलों की चपेट में आ गए।
पुलिस ने बताया कि घटना 13 मार्च की है। पुलिस ने बताया कि दोनों के शव मंगलवार को उनके गांव लाये गए। पुलिस ने बताया कि मंगलवार को हवाई मार्ग से जयपुर लाये गए शवों को परिजन अपने-अपने गांव लेकर आए, जहां गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार किया गया।
विक्रम के चाचा सत्यनारायण ने बताया कि विक्रम 23 फरवरी को ओमान गया था। वह वहां एक निर्माण कंपनी में सड़क बनाने का काम कर रहा था। सत्यनारायण ने बताया कि ओमान में विक्रम के एक रिश्तेदार संजय कुमार वर्मा (विक्रम की मां के मामा) भी इसी कंपनी में काम करते हैं और उन्होंने ही हादसे की सूचना दी थी।
पुलिस ने बताया कि ड्रोन हमले से एक दिन पहले विक्रम ने अपने परिजनों से फोन पर बात की थी। इसमें उसने वहां के हालात को लेकर चिंता जताई थी। पुलिस ने बताया कि विक्रम की तीन बहनें हैं, जिसमें से एक बहन की शादी हो गई है। दोनों युवकों के परिजनों को ढांढस बंधा रहे लोगों की भी आंखें नम हो गई। हर कोई इस दर्दनाक घटना से स्तब्ध नजर आया।