Noida Airport: दिल्ली-एनसीआर के लोगों के लिए बड़ी राहत देने वाली एक महत्वपूर्ण सड़क परियोजना पर काम तेज हो गया है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने कालिंदी कुंज से नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर) तक आठ लेन के एलिवेटेड एक्सप्रेसवे की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इस प्रोजेक्ट के पूरा होने के बाद दिल्ली, नोएडा और ग्रेटर नोएडा से जेवर एयरपोर्ट तक की यात्रा पहले की तुलना में अधिक तेज, सुगम और जाम-मुक्त हो जाएगी।
रिपोर्ट के मुताबिक, पहले इस एलिवेटेड एक्सप्रेसवे को केवल DND फ्लाईवे से यमुना एक्सप्रेसवे तक बनाने का प्रस्ताव था। लेकिन अब इसे आगे बढ़ाकर कालिंदी कुंज से सीधे नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक ले जाने की योजना बनाई गई है। इससे यात्रियों को बार-बार ट्रैफिक में फंसने से राहत मिलेगी। एनएचएआई (NHAI) इस परियोजना की डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR) तैयार कर रहा है।
जमीन के लिए मांगे गए 26 गांवों के नक्शे
परियोजना के लिए कितनी जमीन की आवश्यकता होगी, इसका आकलन करने के लिए एनएचएआई ने गौतमबुद्ध नगर जिले के 26 गांवों के नक्शे नोएडा प्राधिकरण से मांगे हैं। इन नक्शों के आधार पर एक्सप्रेसवे का अंतिम अलाइनमेंट तय किया जाएगा। साथ ही यह भी निर्धारित किया जाएगा कि किन क्षेत्रों में भूमि अधिग्रहण की जरूरत पड़ेगी।
जिन गांवों के नक्शे मांगे गए हैं, उनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं:-
नयाबांस, नोएडा शहरी, नौरंगाबाद खादर, रायपुर खादर, सदरपुर, असगरपुर जागीर, शाह गोवर्धनपुर खादर, नगली शाखपुर, नगली बहरामपुर, नगला-नगली, वाजिदपुर, छपरौली खादर, कोंडली असदुल्लापुर, दोस्तपुर मंगरौली बांगर, गुलावली, झट्टा, बदौली खादर, कामबख्शपुर, बदौली बांगर, बांगर, गढ़ी समस्तीपुर, तिलवाड़ा, मोमनाथल, चुहड़पुर खादर, कासना और घरभरा गांव शामिल हैं।
दिल्ली से नॉन-स्टॉप होगा एयरपोर्ट का सफर
इस एक्सप्रेसवे के बनने से नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक पहुंचने का समय कम होगा। नोएडा प्राधिकरण के इंजीनियरों के अनुसार, यह एक्सप्रेसवे विशेष रूप से नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक पहुंच को तीव्र और सुगम बनाएगा। साथ ही नोएडा, ग्रेटर नोएडा और दिल्ली के बीच ट्रैफिक का दबाव भी घटेगा। एयरपोर्ट जाने वाले यात्रियों के अलावा माल ढुलाई और व्यावसायिक गतिविधियों को भी इसका बड़ा लाभ मिलेगा।
ट्रैफिक से मिलेगी मुक्ति: इस नए मार्ग के बनने से नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे पर गाड़ियों का दबाव बेहद कम हो जाएगा।
दिल्ली से सीधी कनेक्टिविटी: मयूर विहार (दिल्ली) से नोएडा एयरपोर्ट तक यात्रियों को नॉन-स्टॉप एलिवेटेड कनेक्टिविटी मिलेगी।
माल ढुलाई को फायदा: यात्रियों के साथ-साथ इस रूट से माल ढुलाई करने वाले वाहनों को भी बहुत बड़ा लाभ होगा।
नोएडा प्राधिकरण भी कर रहा तैयारी
परियोजना को लेकर नोएडा प्राधिकरण भी अपने स्तर पर तैयारियों में जुटा है। प्राधिकरण के इंजीनियर विभिन्न एजेंसियों के साथ समन्वय बनाकर अलाइनमेंट और अन्य तकनीकी पहलुओं पर काम कर रहे हैं ताकि परियोजना को समयबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जा सके।
चिल्ला से सेक्टर-94 तक भी एलिवेटेड रोड की योजना
इसी योजना के तहत मयूर विहार के पास महामाया फ्लाईओभर के निकट सेक्टर-38 तक चिल्ला एलिवेटेड रोड का निर्माण चल रहा है। इसके आगे अब चिल्ला से सेक्टर-94 तक एलिवेटेड रोड बनाने की भी तैयारी नोएडा प्राधिकरण द्वारा की जा रही है, जिससे दिल्ली से नोएडा में एंट्री और एग्जिट पूरी तरह से सिग्नल-फ्री हो सकेगी।
यह परियोजना बनने के बाद दिल्ली और नोएडा के बीच ट्रैफिक और अधिक सुगम होगा तथा कालिंदी कुंज, डीएनडी और नोएडा क्षेत्र में लगने वाले जाम से काफी हद तक राहत मिलने की उम्मीद है। अगर यह परियोजना तय समय पर पूरी होती है, तो नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक दिल्ली-एनसीआर की कनेक्टिविटी में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा। इससे क्षेत्र के आर्थिक विकास, निवेश और परिवहन व्यवस्था को भी नई गति मिलने की संभावना है।