सोशल मीडिया पर एक कथित आपत्तिजनक पोस्ट को लेकर सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर शर्मिष्ठा पनोली के खिलाफ शिकायत दर्ज कराने वाले वजाहत खान कादरी को सोमवार शाम को कोलकाता पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। 29 साल के वजाहत खान को शाम करीब 7:05 बजे कोलकाता के एमहर्स्ट स्ट्रीट पुलिस स्टेशन इलाके से पकड़ा गया। वह 1 जून से फरार चल रहा था। उसके खिलाफ दिल्ली और असम में कई शिकायतें दर्ज की गई थीं, जिसके बाद पुलिस उसकी तलाश कर रही थी।
धार्मिक भावना भड़काने का है आरोप
असम पुलिस की एक टीम भी वजाहत खान के मामले की जांच के लिए कोलकाता पहुंची थी। खान के खिलाफ एक एफआईआर उस शिकायत के आधार पर दर्ज की गई है, जिसमें उस पर एक खास धर्म की भावनाएं आहत करने के इरादे से सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक और भड़काऊ पोस्ट डालने का आरोप है। अब उसे मंगलवार को मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया जाएगा।
भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 196(1)(ए), 299, 352 और 353(1)(सी) के तहत मामला दर्ज किया गया है। इस केस की जांच गोल्फ ग्रीन पुलिस स्टेशन में चल रही है। इस दौरान, पुलिस की डिटेक्टिव डिपार्टमेंट (ARS) की टीम ने सूचना के आधार पर दीघा और हावड़ा में छापेमारी भी की थी।
शर्मिष्ठा पनोली के खिलाफ की थी पहली शिकायत
15 मई 2025 को वजाहत खान ने कोलकाता के गार्डन रीच पुलिस स्टेशन में एक शिकायत दर्ज करवाई थी। उन्होंने 22 साल की लॉ स्टूडेंट शर्मिष्ठा पनोली पर आरोप लगाया था कि उसने सोशल मीडिया पर झूठी और भड़काऊ बातें पोस्ट कीं, जिससे उनकी छवि को नुकसान पहुंचा और सार्वजनिक अशांति भी फैली। इस शिकायत के बाद कोलकाता और दक्षिण 24 परगना में पनोली के खिलाफ एक दर्जन से ज्यादा एफआईआर दर्ज की गईं। उन्हें गुरुग्राम से गिरफ्तार किया गया और ट्रांजिट रिमांड पर कोलकाता लाया गया। इसके बाद एक स्थानीय अदालत ने उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
बाद में शर्मिष्ठा पनोली के परिवार ने कलकत्ता हाईकोर्ट में याचिका दायर की। कोर्ट ने 5 जून को शर्मिष्ठा को अंतरिम ज़मानत दे दी। अदालत ने यह पाया कि उनके खिलाफ़ दर्ज शिकायत में कोई गंभीर (संज्ञेय) अपराध नहीं दिखता। कोर्ट ने आदेश दिया कि उन्हें ₹10,000 के जमानत बांड और एक गारंटर के साथ रिहा किया जाए। साथ ही कोर्ट ने यह भी कहा कि शर्मिष्ठा को जांच में पूरा सहयोग देना होगा।