प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 2 जुलाई से 9 जुलाई तक घाना, त्रिनिदाद और टोबैगो, अर्जेंटीना, ब्राजील और नामीबिया की यात्रा पर जा रहे हैं। खास बात यह है कि यह यात्रा घाना में तीन दशकों बाद किसी भारतीय प्रधानमंत्री की पहली आधिकारिक यात्रा होगी। एक आधिकारिक बयान के मुताबिक, इस दौरे के दौरान पीएम मोदी घाना के राष्ट्रपति से मुलाकात करेंगे और दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंधों की समीक्षा करेंगे। साथ ही, वे आर्थिक, ऊर्जा, रक्षा और विकास सहयोग जैसे अहम क्षेत्रों में साझेदारी को और मजबूत करने के रास्तों पर चर्चा करेंगे।
पांच देशों की यात्रा पर जाएंगी पीएम मोदी
दी गई जानकारी के मुताबिक, प्रधानमंत्री मोदी की यह यात्रा भारत और घाना के बीच द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने के साथ-साथ ECOWAS (पश्चिम अफ्रीकी देशों का आर्थिक समुदाय) और अफ्रीकी संघ के साथ भारत की साझेदारी को और मजबूत करने की दोनों देशों की साझा प्रतिबद्धता को दर्शाती है। घाना की यात्रा पूरी करने के बाद प्रधानमंत्री मोदी 3 से 4 जुलाई 2025 के बीच कैरेबियन के द्वीप देश त्रिनिदाद और टोबैगो का दौरा करेंगे।
त्रिनिदाद और टोबैगो भी जाएंगे पीएम
बता दें कि, प्रधानमंत्री के रूप में उनकी पहली त्रिनिदाद और टोबैगो यात्रा होगी और 1999 के बाद यह किसी भी भारतीय प्रधानमंत्री की पहली द्विपक्षीय यात्रा होगी। इस दौरान वे राष्ट्रपति क्रिस्टीन कार्ला कंगालू और प्रधानमंत्री पर्साड-बिसेसर से मुलाकात करेंगे और भारत-त्रिनिदाद और टोबैगो के संबंधों को और मजबूत करने पर चर्चा करेंगे। इसके अलावा, प्रधानमंत्री मोदी से त्रिनिदाद और टोबैगो की संसद के संयुक्त सत्र को संबोधित करने की भी उम्मीद है।
चार से पांच जुलाई अर्जेंटीना के दौरे पर
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपनी अंतरराष्ट्रीय यात्रा के तीसरे चरण में 4 से 5 जुलाई, 2025 तक अर्जेंटीना का दौरा करेंगे। यह यात्रा अर्जेंटीना के राष्ट्रपति जेवियर माइली के निमंत्रण पर हो रही है। प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति माइली के बीच द्विपक्षीय वार्ता होगी, जिसमें दोनों देश रक्षा, कृषि, खनन, तेल और गैस, नवीकरणीय ऊर्जा, व्यापार, निवेश और जनसंपर्क जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने के तरीकों पर चर्चा करेंगे।
इसके बाद प्रधानमंत्री 5 जुलाई को ब्राजील जाएंगे, जहां वे रियो डी जेनेरियो में होने वाले 17वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेंगे। इसके बाद वे ब्रासीलिया की राजकीय यात्रा भी करेंगे। इस दौरान वे वैश्विक मुद्दों पर चर्चा में भाग लेंगे और द्विपक्षीय बैठकें भी कर सकते हैं। प्रधानमंत्री मोदी की इस यात्रा का अंतिम चरण होगा 9 जुलाई को नामीबिया की राजकीय यात्रा, जो कि वहां के राष्ट्रपति डॉ. नेटुम्बो नंदी-नदैतवा के आमंत्रण पर होगी। यह प्रधानमंत्री मोदी की पहली नामीबिया यात्रा होगी और किसी भारतीय प्रधानमंत्री की तीसरी यात्रा होगी। इस दौरान प्रधानमंत्री, राष्ट्रपति नंदी-नदैतवा के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे और नामीबिया के संस्थापक नेता डॉ. सैम नुजोमा को श्रद्धांजलि भी अर्पित करेंगे।
नामीबिया की संसद को संबोधित करेंगे पीएम
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नामीबिया की संसद को भी संबोधित कर सकते हैं, जो इस ऐतिहासिक यात्रा का एक अहम हिस्सा होगा। यह भी गौर करने वाली बात है कि प्रधानमंत्री मोदी के कार्यकाल में यह दूसरी बार है जब वे एक ही दौरे में पांच देशों की यात्रा कर रहे हैं। इससे पहले उन्होंने 2016 में ऐसा किया था, जब वे संयुक्त राज्य अमेरिका, मैक्सिको, अफगानिस्तान, स्विट्जरलैंड और कतर गए थे। प्रधानमंत्री मोदी इससे पहले भी एक ही यात्रा में चार देशों का दौरा कर चुके हैं, लेकिन 2 जुलाई से 9 जुलाई तक की मौजूदा यात्रा न सिर्फ पांच देशों तक सीमित है, बल्कि यह उनकी सबसे लंबी विदेश यात्राओं में से एक मानी जा रही है, जो कुल आठ दिनों की होगी।