Dhar Road Accident: मध्य प्रदेश के धार जिले में बुधवार रात एक दर्दनाक सड़क हादसा हुआ, जिसमें 12 मजदूरों की मौत हो गई और करीब 20 लोग घायल हो गए। यह हादसा रात करीब 8:30 से 9 बजे के बीच हुआ। शुरुआती जानकारी के अनुसार, लगभग 35 मजदूर पिकअप वैन में सवार होकर बग्गड़ से अपने घर लौट रहे थे। तभी चिकल्या चौराहे के पास ड्राइवर ने वाहन पर कंट्रोल खो दिया। इसके बाद पिकअप वैन पलट गई और सामने से आ रही एक SUV से टकरा गई।
धार जिले के प्रभारी कलेक्टर अभिषेक चौधरी ने बताया कि 12 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि करीब 20 लोग घायल हुए हैं। गंभीर रूप से घायल व्यक्तियों को शुरुआती उपचार के बाद इंदौर रेफर कर दिया गया है। फिलहाल, तिरला पुलिस ने मामला दर्ज कर दुर्घटना की जांच शुरू कर दी है।
वहीं, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है। पीड़ितों के परिवार को प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष (PMNRF) से मृतकों के परिजनों को 2-2 लाख रुपये और घायलों को 50-50 हजार रुपये की सहायता दी जाएगी।
प्रधानमंत्री ने X पर पोस्ट कर कहा, “मध्य प्रदेश के धार में हुए हादसे में हुई जानमाल की हानि की खबर सुनकर मुझे गहरा दुख हुआ। इस दुर्घटना में अपनों को खोने वाले परिवारों के प्रति मेरी हार्दिक संवेदनाएं हैं। घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना है।”
सीएम मोहन यादव ने मुआवजे का किया ऐलान
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने भी शोक व्यक्त किया। उन्होंने X पर कहा, “धार जिले में इंदौर-अहमदाबाद नेशनल हाईवे पर चिक्लिया फाटा के पास हुआ सड़क हादसा दिल दहला देने वाला है।” यादव ने बताया कि मृतकों के परिवारों को 4 लाख रुपये, गंभीर रूप से घायलों को 1 लाख रुपये और घायलों को 50,000 रुपये प्रति परिवार देने के निर्देश दिए गए हैं।
मुख्यमंत्री ने आगे कहा, “ईश्वर दिवंगत आत्माओं को शांति प्रदान करें और शोक संतप्त परिवारों को इस दुख को सहने की शक्ति दें। हम घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करते हैं।”
डिविजनल कमिश्नर ने दिए निर्देश
इंदौर संभागीय आयुक्त और महानिरीक्षक को धार जाकर घायलों के उपचार की निगरानी करने का निर्देश दिया गया है। यादव ने बताया कि सभी घायलों का उपचार मुफ्त में किया जाएगा।
सभी घायलों को मिले उचित इलाज
धार जिले के प्रभारी मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने इस घटना पर दुख जताते हुए कहा कि जिला प्रशासन को निर्देश दिए गए हैं कि सभी घायलों को उचित इलाज मिले और किसी तरह की लापरवाही न हो।